राजसमंद के नाथद्वारा में ऑटो में छूटे 50 लाख रुपए के जेवरात को ड्राइवर ने अपने पास रख लिया था। पुलिस ने आरोपी ऑटो ड्राइवर को गिरफ्तार कर लिया। उसके कब्जे से डायमंड और सोने के गहनों के साथ 7 हजार रुपए नकद भी बरामद किए गए हैं। अब पढ़िए … पूरा घटनाक्रम ऑटो में छूट गया था गहनों से भरा पर्स मध्यप्रदेश के उज्जैन निवासी गोविंद (66) पुत्र उंकारलाल खंडेलवाल अपनी पत्नी बिंदु खंडेलवाल, बेटी, दामाद और भतीजे की शादी में शामिल होने के लिए उज्जैन से नाथद्वारा होते हुए उदयपुर जा रहे थे। नाथद्वारा पहुंचने पर वे रेडिसन होटल में रुके और श्रीनाथजी मंदिर में दर्शन किए। दर्शन के बाद होटल लौटने के लिए उन्होंने ऑटो किराए पर लिया। इसी दौरान उनकी पत्नी का गहनों से भरा पर्स ऑटो में छूट गया। पर्स में करीब 27 से 30 तोला वजन के डायमंड और सोने के जेवरात, घड़ी तथा अन्य दस्तावेज थे, जिनकी कीमत करीब 50 लाख रुपए बताई गई। सीसीटीवी फुटेज से ऑटो ड्राइवर तक पहुंची पुलिस मामले की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू की। जांच के दौरान ऑटो ड्राइवर की पहचान यादव मोहल्ला निवासी धर्मेंद्र यादव के रूप में हुई। इसके बाद पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की। शुरुआत में उसने घटना की जानकारी होने से इनकार किया, लेकिन सीसीटीवी फुटेज और सघन पूछताछ के बाद उसने गहनों से भरा पर्स अपने पास रख लेने की बात स्वीकार कर ली। आरोपी गिरफ्तार, 50 लाख के जेवरात बरामद कबूलनामे के बाद पुलिस ने आरोपी धर्मेंद्र यादव को गिरफ्तार कर लिया। उसके कब्जे से डायमंड की चूड़ियां, डायमंड जड़ित नेकलेस व टॉप्स, सोने की चूड़ी-पाटला, सोने का पेंडेंट सहित अन्य गहने, एक घड़ी और 7 हजार रुपए नकद बरामद किए गए। बरामद जेवरात की कुल कीमत करीब 50 लाख रुपए आंकी गई है। इस कार्रवाई में कॉन्स्टेबल ओमप्रकाश की विशेष भूमिका रही।