पाली में पत्नी को ससुराल छोड़कर वापस लौटे रहे 4 बच्चों के पिता की हादसे में मौत हो गई। हाईवे पर अज्ञात वाहन बाइक को टक्कर मारकर फरार हो गया। सिर में गंभीर चोट लगने से युवक ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को बांगड़ हॉस्पिटल की मॉर्च्युरी में रखवाया। हॉस्पिटल में पहुंचीं युवक की मां बोलीं-पहले पति गया, अब बेटा भी चला गया, लेकिन मैं नहीं रोऊंगी। मुझे अभी अंतिम संस्कार भी करना है। हादसा गुरुवार सुबह 10 बजे शिवपुरी थाना क्षेत्र में जाडन के पास हुआ। सिर में गंभीर चोट लगने से मौके पर मौत पुलिस के अनुसार, जाडन गांव निवासी परबतराम (42) पुत्र कलाराम बावरी गुरुवार सुबह पत्नी को सोजत के निकट मूथों की बासनी स्थित उसके पीहर छोड़कर वापस अपने गांव लौट रहे थे। जाडन के पास हाईवे पर किसी अज्ञात वाहन ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। हादसे में उनके सिर पर गंभीर चोट लगी और मौके पर ही उनकी मौत हो गई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को बांगड़ हॉस्पिटल की मॉर्च्युरी में रखवाकर परिजनों को सूचना दी। मामले की जांच जारी है। अस्पताल में गूंज उठा परिजनों का विलाप पोस्टमॉर्टम के लिए शव अस्पताल पहुंचा तो मृतक की बहन और भाइयों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। बांगड़ हॉस्पिटल का ट्रॉमा वार्ड परिजनों की चीख-पुकार से गूंज उठा। हर किसी की आंखें नम थीं। मां बोली- अभी बेटे का अंतिम संस्कार करना है इस बीच मृतक की मां पानीदेवी ने खुद को संभाले रखा और परिवार को भी ढांढस बंधाती रहीं। उन्होंने कहा- अब रोने से मेरा बेटा वापस तो नहीं आएगा, चुप हो जाओ। पुलिसकर्मियों से बात करते हुए उन्होंने बताया - पति की मौत के बाद उन्होंने मजदूरी कर अकेले बच्चों का पालन-पोषण किया। अब बेटे की भी अकाल मौत हो गई, लेकिन वह अभी नहीं रोएंगी। पानीदेवी ने कहा - पहले बेटे की बॉडी घर ले जानी है, उसका अंतिम संस्कार करना है। मैं रोऊंगी तो ये सब काम कौन करेगा। मेरे बच्चों की मां भी मैं हूं और बाप भी मैं ही हूं। उनकी यह बात सुनकर अस्पताल में मौजूद लोगों की आंखें भी भर आईं।