अलवर में राजगढ़ के निकट सुरेर के पास शुक्रवार तड़के करीब साढ़े 4 बजे अमृतसर एक्सप्रेस ट्रेन से 12वीं में पढ़ने वाले युवक-युवती कट गए। दोनों की मौत हो गई। दोनों एक ही गांव के रहने वाले थे। युवक अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था। जिसके पिता भी कैंसर से पीड़ित हैं। जीआरपी पुलिस ने बताया कि सुबह करीब साढ़े 4 बजे सूचना मिली थी कि दो जने ट्रेन से कट गए। उसके बाद राजगढ़ पुलिस भी मौके पर पहुंची। यहां आने पर पता चला कि पटरी पर बिखरे पड़े शव भूमिका (18) पुत्री रामनिवास व दिलकुश (18) पुत्र रमेश के हैं। दोनों राजगढ़ के पास कलेसान का बास गांव के रहने वाल हैं। दोनों घर से बाइक से आए। यहां आने के बाद ट्रेन से कटकर जान दे दी। अभी दोनों के जान देने का कारण समझ नहीं आ रहा है। लेकिन जानकारी यह सामने आ रही है कि दोनों एक दूसरे से प्रेम करते थे। परिवार व गांव के लोगों को पता चल गया था। उसके बाद से दबाव में थे। ग्रामीणों ने बताया कि युवक दिलकुश के पिता कैंसर से पीड़ित है। दिलकुश उनका इकलौता बेटा था। ये दोनों कलेशासन गांव सरकारी स्कूल में पढ़ते हैं। गांव से 13 किलोमीटर दूर आकर कट दोनों गांव कलेसान से करीब 13 किलोमीटर दूर सुरेर के पास रेलवे पटरी के पास आए। यहां बाइक खड़ी कर दी। उसके बाद अमृतसर ट्रेन के आगे आकर जान दे दी। दोनों की मौत के बाद पूरे गांव में शोक छा गया। जीआरपी व स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची। सुबह दोनों के शव राजगढ़ अस्पताल लेकर आए। यहां से पोस्टमार्टम होने के बाद शव सुपुर्द किए जाएंगे।