पोते ने ही अपने साथियों के साथ मिलकर अपनी दादी का अपहरण किया था। मालाखेड़ा थाना इलाके हरिपुरा गांव से बुजुर्ग महिला तुलसा देवी (69) को रात करीब एक बजे घर से जबरन उठाकर ले जाया गया और उसके सोने-चांदी के जेवर लूट लिए गए। इसके बाद आरोपियों ने महिला को गांव से करीब 16 किलोमीटर दूर तालवृक्ष के पास जंगल में फेंक दिया। घटना के बाद सुबह करीब चार बजे पुलिस और ग्रामीणों को तुलसा देवी घायल अवस्था में मिलीं। उन्हें उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया गया। हैरानी की बात यह है कि घटना के दो दिन बीत जाने के बावजूद मुख्य आरोपी पोता धीरज अब तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर है। मालाखेड़ा थाने के एसएचओ हरदयाल ने बताया कि मामला दर्ज कर लिया गया है और आरोपी धीरज व उसके साथियों की तलाश जारी है। पीड़िता के बेटे सरजीत ने बताया कि आरोपी धीरज उसका भतीजा है, जो पृथ्वीपुरा गांव का रहने वाला है। उसने बताया कि करीब 20 दिन पहले धीरज को गलत संगत को लेकर टोका था, जिस पर उसने गाली-गलौच की थी। मंगलवार रात वह अपने साथियों के साथ कार में आया और घर में घुसकर दादी के मुंह में कपड़ा ठूंसकर कंबल में लपेटकर उठा ले गया। जाते समय ग्रामीणों ने पीछा भी किया और पुलिस को सूचना दी। आरोपियों ने बुजुर्ग महिला से करीब सवा किलो चांदी के कड़े और लगभग तीन तोला सोने के जेवर लूट लिए। पुलिस अब आरोपियों की तलाश में जुटी है। लेकिन दो दिन बाद भी आरोपी गिरफ्त से बाहर है।