चित्तौड़गढ़ जिले में विकसित भारत गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन (ग्रामीण) यानी VB-GRAM(G) के तहत चल रहे कामों में कई तरह की खामियां पाई गई हैं। जिला लोकपाल अधिकारी अभिषेक सोनी ने पंचायत समिति डूंगला की ग्राम पंचायत डेलवास और किशन करेरी का निरीक्षण किया था। इस दौरान उन्होंने कार्य स्थल पर श्रमिकों की सुविधाओं, उपस्थिति और व्यवस्थाओं का जायजा लिया। कई जगहों पर व्यवस्थाएं सरकारी नियमों के अनुसार नहीं पाई गईं। इससे यह साफ हुआ कि जिम्मेदार अधिकारियों ने समय-समय पर सही तरीके से निगरानी नहीं की। मजदूरों के लिए मूलभूत सुविधाओं का अभाव जानकारी के अनुसार-भीषण गर्मी के बावजूद मजदूर झाड़ियों की छाया में बैठे मिले। उनके लिए किसी भी टेंट या छाया की व्यवस्था नहीं थी। न पीने के लिए पानी और न प्राथमिक उपचार के उपकरण मिले। जबकि सरकार के निरद्ेश हैं कि कार्यस्थलों पर श्रमिकों के लिए छाया, पानी और फर्स्ट एड की सुविधा जरूर होनी चाहिए। महिला मजदूरों के साथ आए बच्चे निरीक्षण के दौरान पाया गया कि एक महिला श्रमिक अपने बच्चे के साथ कार्यस्थल पर मौजूद थी। वह तेज गर्मी में काम कर रही थी। यह दिखाती है कि श्रमिकों की सुरक्षा और सुविधा को लेकर पर्याप्त ध्यान नहीं दिया जा रहा है। ऐसे हालात में छोटे बच्चों और महिलाओं के स्वास्थ्य पर गंभीर असर पड़ सकता है। इसके बावजूद कोई विशेष व्यवस्था या राहत नजर नहीं आई। मशीनों के उपयोग और फर्जी उपस्थिति का मामला ग्राम पंचायत डेलवास में निरीक्षण के दौरान कार्यस्थल पर मशीनों के इस्तेमाल के संकेत भी मिले। यह योजना के नियमों के खिलाफ है क्योंकि इस योजना में श्रमिकों को रोजगार देना मुख्य उद्देश्य होता है। इसके अलावा ऑनलाइन रिकॉर्ड में 20 श्रमिकों की उपस्थिति दर्ज थी। जबकि मौके पर केवल 13 श्रमिक ही मौजूद पाए गए। यह अंतर स्पष्ट रूप से रिकॉर्ड में गड़बड़ी और संभावित फर्जीवाड़े की ओर इशारा करता है। रिकॉर्ड अधूरा, अधिकारियों को दिए गए सख्त निर्देश जब जिला लोकपाल अधिकारी ने ग्राम पंचायत का रिकॉर्ड जांचा तो वह भी अधूरा पाया गया। इस पर उन्होंने तुरंत संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को निर्देश दिए कि सभी रिकॉर्ड को जल्द से जल्द पूरा किया जाए। साथ ही उन्होंने कहा कि कार्यस्थलों पर श्रमिकों के लिए छाया, पानी और फर्स्ट एड बॉक्स की व्यवस्था तुरंत सुनिश्चित की जाए। साथ ही अधिकारियों को नियमित निरीक्षण करने और पाई गई कमियों को जल्द दूर कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के भी निर्देश दिए।