स्कूल व्याख्याता (कृषि विज्ञान) भर्ती परीक्षा-2022 के पेपर लीक मामले में एसओजी ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी ने 50 लाख में लीक पेपर खरीदकर अभ्यर्थियों को पढ़ाया था। सरकारी नौकरी भी दिलवाई थी। एसओजी ने आरोपी विनोद कुमार जाट उर्फ विनोद रेवाड़ (45) निवासी पापड़िया की ढाणी, जयपुर को गुरुवार को चौमूं से गिरफ्तार किया है। एडीजी एसओजी विशाल बंसल ने बताया- एसओजी थाने में दर्ज केस की जांच में सामने आया था कि पेपर लीक गिरोह के सरगना अनिल कुमार मीणा उर्फ शेर सिंह ने तत्कालीन RPSC सदस्य बाबूलाल कटारा से करीब 60 लाख रुपए में प्रश्नपत्र हासिल किए थे। इसके बाद कृषि विज्ञान, अर्थशास्त्र, भूगोल और शारीरिक शिक्षा सब्जेक्ट के सॉल्व पेपर परीक्षा से पहले अभ्यर्थियों तक पहुंचाए गए। 50 लाख में खरीदा पेपर, 7 लाख लेकर कराया चयन जांच में खुलासा हुआ कि विनोद रेवाड़ ने करीब 50 लाख रुपए में 4 सब्जेक्ट के सॉल्व प्रश्नपत्र खरीदे। इसके बाद कृषि विज्ञान विषय के अभ्यर्थी अशोक कुमार यादव को 7 लाख रुपए में प्रश्नपत्र पढ़ाया। परिणामस्वरूप अशोक कुमार यादव का चयन स्कूल व्याख्याता (कृषि विज्ञान) के पद पर हुआ। वो वर्तमान में सीकर जिले के श्रीमाधोपुर स्थित राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय (देवराला) में कार्यरत था। 50 हजार रुपए का इनाम भी घोषित उप निरीक्षक भर्ती परीक्षा पेपर लीक मामले में उसकी गिरफ्तारी पर 50 हजार रुपए का इनाम भी घोषित था। इस मामले में उसने 8 अभ्यर्थियों से करीब 10-10 लाख रुपए लेकर प्रश्नपत्र उपलब्ध कराया था। आरोपी को साल 2025 में ओडिशा से गिरफ्तार किया गया था। 29 अभ्यर्थियों से वसूले 57 लाख रुपए वरिष्ठ अध्यापक (माध्यमिक शिक्षा) भर्ती परीक्षा-2022 के मामले में भी जांच में सामने आया कि विनोद रेवाड़ ने 29 अभ्यर्थियों से करीब 57 लाख रुपए लेकर उन्हें परीक्षा से पहले लीक प्रश्नपत्र पढ़ाया। इस मामले में आरोपी अरुण शर्मा उर्फ राजेश शर्मा को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। हाईकोर्ट से राहत नहीं मिली 13 जुलाई 2026 को राजस्थान हाईकोर्ट जोधपुर ने विनोद रेवाड़ की गिरफ्तारी पर रोक लगाने संबंधी याचिका खारिज कर दी थी। इसके बाद 16 जुलाई को SOG की विशेष टीम ने चौमूं के बराला हॉस्पिटल के पास से बुधवार को गिरफ्तार किया। । 20 जुलाई तक रिमांड पर आरोपी को न्यायालय में पेश कर 20 जुलाई तक पुलिस रिमांड पर लिया गया है। SOG उससे पेपर लीक नेटवर्क, अन्य सहयोगियों और अवैध लेनदेन के संबंध में पूछताछ कर रही है।