बाड़े में घुसकर जंगली जानवर ने 30 भेड़ें मार डाली। आधी रात बाड़े में खलबली मच गई। भेड़ें मिमियाकर इधर-उधर भागने लगीं। शोर-शराबा सुनकर पशुपालक बाड़े की तरफ पहुंचा। इससे पहले ही अज्ञात जानवर भाग चुका था। घटना टोंक जिले के दूनी थाना इलाके में ख्वासपुरा ग्राम पंचायत के गांव चक आनंदपुरा में गुरुवार रात हुई। जानकारी के अनुसार- चक आनंदपुरा गांव में रहने वाले पशुपालक धर्मराज गुर्जर की 10 भेड़ें घायल हालत में हैं, जबकि 30 का शिकार हो गया। आधी रात मची चीख पुकार पशुपालक ने बताया- मध्यरात्रि भेड़ों की चीख पुकार सुनाई दी। मैं लाठी लेकर घर से बाहर निकला और बाड़े की तरफ गया। वहां खून से लथपथ बेड़ें इधर-उधर मरी पड़ी थी। जंगली जानवर भाग चुका था। मेरी हालत खराब हो गई। मैंने परिजनों और गांव वालों को आवाज लगाकर बुलाया। इसके बाद मौके पर निवर्तमान पंचायत समिति सदस्य मुकेश गुर्जर, सुरेंद्र गुर्जर और अन्य ग्रामीण भी पहुंचे। उन्होंने पुलिस और वन विभाग के अधिकारियों को सूचना दी। शुक्रवार को वन विभाग और पशुपालन विभाग के अधिकारी-कर्मचारी पहुंचे और नुकसान का जायजा लिया। आर्थिक मदद देने की मांग पशुपालक धर्मराज के जीवन यापन का आधार भेड़ें ही थीं। इतनी बड़ी तादाद में भेड़ों की मौत होने से धर्मराज टूट गया। रह-रहकर उसकी आंखों से आंसू छलकते हैं। पंचायत के प्रतिनिधियों और स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि जल्द से जल्द धर्मराज को आर्थिक मदद दी जाए। गांव में दहशत, जंगली जानवर को पकड़ने की मांग इस घटना के बाद से चक आनन्दपुरा और आसपास के ग्रामीण इलाकों में डर का माहौल है। लोग घरों से निकलने और बाड़ों में जाने से कतरा रहे हैं। ग्रामीणों ने वन विभाग के उच्च अधिकारियों से इलाके में सर्च ऑपरेशन चलाकर जंगली जानवर को पकड़ने की मांग की है।