स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) ने OMR शीट में कांटछांट से बने लैब असिस्टेंट को रविवार रात गिरफ्तार किया है। OMR शीट में कांट-छांट कर स्केनिंग में उसके 191 प्राप्तांक दिखाए गए थे। असल में आरोपी कैंडिडेट के OMR शीट की स्केनिंग में 4 प्राप्तांक आए थे। एसओजी की ओर से फिलहाल गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ की जा रही है। एडीजी (एसओजी) विशाल बंसल ने बताया कि प्रयोगशाला सहायक सीधी भर्ती परीक्षा-2018 (लैब असिस्टेंट) में फर्जीवाड़ा को लेकर साल-2025 में एसओजी की ओर से FIR दर्ज की गई थी। एसओजी जांच में सामने आया कि एग्जाम में OMR शीट स्केनिंग करने वाली एजेंसी राभव लिमिटेड के कर्मचारी विनोद कुमार गौड़ और शादान खान ने 27 कैंडिडेट को OMR शीट में कांटछांट कर गलत तरीके से अनतिम रुप में चयनित करवा दिया। राभव लिमिटेड के निदेशक व कर्मचारियों ने कैंडिडेट से मिलीभगत कर उन्हें चयनित करवाया। जिसमें कैंडिडेट पंकज कुमार की OMR शीट स्केनिंग कर 191 प्राप्तांक दिखाए गए। कर्मचारी चयन बोर्ड की ओर से दोबारा OMR शीट की स्केनिंग करवाने पर वास्तविक प्राप्तांक 4 अंक आने का पता चला। एसओजी की ओर से दबिश देकर आरोपी पंकज कुमार सैनी (30) पुत्र रामअवतार सैनी निवासी बांदीकुई दौसा को अरेस्ट किया गया। एसओजी की ओर से प्रकरण में OMR स्कैनिंग करने वाली एजेंसी राभव लिमिटेड के कर्मचारी विनोद कुमार गौड़ व शादान खान और कंपनी के कार्यकारी निदेशक रामप्रवेश सिंह को अरेस्ट किया जा चुका है। इनके साथ ही OMR शीट में बदलाव कर अनुचित तरीके से अंनतिम रुप से चयनित होने वाले आरोपी कैंडिडेट महेन्द्र कुमार मीना, देवेन्द्र सिंह गुर्जर, विजय सिंह मीना, पिंटू कुमार मीना व संजय कुमार सैनी को पूर्व में अरेस्ट किया जा चुका है।