बूंदी में राजस्थान वरिष्ठ शिक्षक संघ ने शिक्षकों की विभिन्न समस्याओं को लेकर जिला कलेक्टर को मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा। यह ज्ञापन जिलाध्यक्ष राकेश कुमार मीणा के नेतृत्व में दिया गया। ज्ञापन में शिक्षकों की पदोन्नति (डीपीसी), वरिष्ठता विलोपन, ग्रीष्मकालीन अवकाश 17 मई से 30 जून तक करने और संस्था प्रधानों के लिए अधिकृत अवकाश पूर्व की तरह दो दिन रखने जैसी प्रमुख मांगें शामिल थीं। इसके अतिरिक्त, विवेकानंद मॉडल स्कूल और महात्मा गांधी स्कूलों में कार्यरत शिक्षकों को पांच वर्ष पूरे होने पर उनकी इच्छानुसार मूल विभाग में भेजने तथा एक पारदर्शी स्थानांतरण नीति बनाने की भी मांग की गई। ज्ञापन सौंपते समय संभाग अध्यक्ष रामलाल शर्मा, जिला महामंत्री मुकुट बिहारी खटीक, सचिव देवकिरण सिंह, कोषाध्यक्ष किशन लाल नागर, जिला संगठन मंत्री गोपाल लाल बुलीवाल, जिला संयोजक किशन गोपाल मीणा, ब्लॉक अध्यक्ष हिंडोली राजेश कुमार मीणा, शिवराज मीणा और बाबू लाल वर्मा सहित कई वरिष्ठ शिक्षक मौजूद रहे। शिविरा पंचांग में बदलाव का विरोध बूंदी के नैनवां में शिविरा पंचांग में बदलाव को लेकर शिक्षकों ने गुरुवार को विरोध प्रदर्शन किया। शिक्षकों ने तहसील कार्यालय से उपखंड कार्यालय तक रैली निकाली और शिक्षा मंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा। यह प्रदर्शन राजस्थान प्राथमिक माध्यमिक शिक्षक संघ के नेतृत्व में आयोजित किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में शिक्षक शामिल हुए। शिक्षकों ने नारेबाजी करते हुए रैली निकाली और अपनी विभिन्न मांगों को प्रशासन के समक्ष रखा। यह प्रदर्शन पूरी तरह शांतिपूर्ण रहा। ज्ञापन में शिक्षकों ने मुख्य रूप से ग्रीष्मकालीन अवकाश को 17 मई से 30 जून तक निर्धारित करने की मांग की। उनका तर्क था कि वर्तमान मौसम की परिस्थितियों को देखते हुए अवकाश अवधि में संशोधन आवश्यक है, ताकि शिक्षकों और विद्यार्थियों दोनों के हितों की रक्षा हो सके। इसके अतिरिक्त, शिक्षकों ने जनगणना कार्य में बाहरी जिलों के कर्मचारियों की ड्यूटी नहीं लगाने और स्थानीय कर्मचारियों को प्राथमिकता देने की मांग भी उठाई। इस अवसर पर प्रबोधक संघ अध्यक्ष एम.डी. अंसारी, ब्लॉक अध्यक्ष मुकेश चौधरी, कर्मचारी परिषद अध्यक्ष संजय चौधरी सहित कई शिक्षक उपस्थित रहे। सुनील गौतम सहित विभिन्न शिक्षक संगठनों के पदाधिकारियों ने भी कार्यक्रम में भाग लिया। कंटेंट:अश्विनी शर्मा नैनवां