पूर्व मंत्री राजेंद्र सिंह गुढ़ा सहित 14 नामजद लोगों के खिलाफ झुंझुनूं की कोतवाली थाना पुलिस ने मामला दर्ज किया गया है। पीड़ित मोहम्मद शरीफ ने पुलिस को सौंपी रिपोर्ट में बताया कि 8 मई (शुक्रवार) की शाम करीब 8 बजे पूर्व मंत्री राजेंद्र सिंह गुढ़ा के नेतृत्व में दर्जनों लोग हाथों में कस्सी, फावड़े और हथियार लेकर दरगाह परिसर में घुस आए। आरोपियों ने वक्फ बोर्ड द्वारा बनाई गई सुरक्षा दीवार को ढहा दिया। शिकायतकर्ता की दुकान में रखी साइकिलों को तोड़ा गया और सामान लूट लिया गया। रिपोर्ट में लोगों से बदसलूकी करने का भी आरोप लगाया है। ​पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए भारतीय न्याय संहिता (BNS), वक्फ अधिनियम, और सार्वजनिक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया है। आरोपियों में पूर्व मंत्री राजेंद्र सिंह गुढ़ा सहित 14 नामजद और 20-25 अन्य लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। दरगाह के सेवक मोहम्मद शरीफ की रिपोर्ट पर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। 4 फरवरी को प्रशासन ने हटाया था अतिक्रमण दरअसल, दरगाह हांडी शाह की वक्फ भूमि से 4 फरवरी 2026 को प्रशासन ने अवैध अतिक्रमण बताकर दुकानों को हटवाया था। इसके बाद जिला वक्फ कमेटी ने सुरक्षा के लिहाज से वहां चारदीवारी का निर्माण करवाया था। आरोप है कि इस प्रशासनिक कार्रवाई से खफा होकर कुछ रसूखदार और असामाजिक तत्व लगातार दरगाह सेवक के परिवार को धमकियां दे रहे थे। आरोप है कि 8 मई (शुक्रवार) की शाम करीब 8 बजे पूर्व मंत्री राजेंद्र सिंह गुढ़ा के नेतृत्व में दर्जनों लोग हाथों में कस्सी, फावड़े और हथियार लेकर दरगाह परिसर में घुस आए और तोड़फोड़ की। इसके बाद दरगाह के सेवक मोहम्मद शरीफ ने शनिवार को पुलिस को रिपोर्ट सौंपी। इस पर पुलिस ने मोहम्मद अली, आबिद, आयुब, लियाकत रंगरेज, यूनुस उर्फ मुंशी, साजिद, सलीम, फरियाद और पूर्व मंत्री राजेंद्र सिंह गुढ़ा सहित अन्य को आरोपी बनाया है।