राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (आरएलपी) के सुप्रीमो हनुमान बेनीवाल द्वारा अंतरजातीय विवाह को गलत बताए जाने के बाद उन पर हो रही टिप्पणियों को लेकर पार्टी कार्यकर्ताओं ने चेतावनी दी है। आरएलपी के विजय पूनिया ने शुक्रवार दोपहर महावीर प्लाजा में आयोजित एक कार्यक्रम में यह बात कही। पूनिया ने कहा कि बेनीवाल के इस मुद्दे को उठाने पर समाज के कुछ लोग सामाजिक मंचों पर उन पर गलत टिप्पणी कर रहे हैं, जिसे किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि समय रहते इसमें सुधार नहीं हुआ, तो इसे लेकर आंदोलन किया जाएगा। आरएलपी के युवा नेता देवेश चौधरी ने भी इस मुद्दे पर बात की। उन्होंने संगठनों से अपील की कि वे अंतरजातीय विवाह को लेकर आरएलपी सुप्रीमो हनुमान बेनीवाल पर कोई टिप्पणी न करें और इस पर कोई राजनीतिक चर्चा न करें। चौधरी ने कहा कि बेनीवाल 36 कौमों के साथ चलने वाले नेता हैं और युवाओं के आइकॉन हैं। उन्होंने बताया कि बेनीवाल हर समाज के लोगों के सुख-दुख में साथ खड़े रहते हैं। उन्होंने किसी भी संगठन को समाज को तोड़ने का काम न करने की सलाह दी। चौधरी ने जोर देकर कहा कि हर समाज अपने रीति-रिवाजों से चलता है और हमें अपनी परंपराओं व संस्कारों का सम्मान करना चाहिए। उन्होंने कहा कि कोई भी संगठन एक समाज के बैनर तले अंतरजातीय विवाह करने की बात न करे। इस अवसर पर राजकुमार फगेड़िया, संदीप कपूरिया, महेंद्र कड़वासरा, सूर्यभान, जयप्रकाश गोदारा, मुकेश गोदारा, राकेश मेहरा, प्रवीण झाझड़िया, किशन कस्वां और सोनू जाखड़ सहित कई कार्यकर्ता मौजूद थे।