एसआई भर्ती-2025 की परीक्षा से दो दिन पहले सुप्रीम कोर्ट ने आरपीएससी को राहत दी है। शुक्रवार को जस्टिस दीपांकर दत्ता और जस्टिस सतीश चंद्र शर्मा की स्पेशल वेकेशन बेंच ने पहले के आदेश में संशोधन करते हुए ओवरएज अभ्यर्थियों को दी गई राहत के दायरे सीमित कर दिया। कोर्ट ने कहा- मामले में एक दिन पहले जारी आदेश एप्लीकेंट सूरजमल मीणा तक ही सीमित रहेगा। एक व्यक्ति दूसरे के लिए राहत की मांग नहीं कर सकता है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि परीक्षा में शामिल होने का लाभ सभी ओवरएज अभ्यर्थियों को नहीं दिया जाएगा। बैंच ने स्पष्ट किया कि उसका आदेश उन अभ्यर्थियों पर लागू नहीं होगा, जिन्होंने कोर्ट का दरवाजा नहीं खटखटाया है। RPSC की ओर से पैरवी करते हुए अधिवक्ता युवराज सामंत और अधिवक्ता नेहा अमोला ने कोर्ट बताया कि उन्होने पहले ही लगभग 713 ऐसे ओवरएज अभ्यर्थियों को परीक्षा में शामिल करने की अनुमति दे दी है, जो हाईकोर्ट की एकलपीठ में याचिकाकर्ता थे और एप्लीकेंट सूरजमल मीणा की श्रेणी में आते हैं। वे 5-6 अप्रैल 2026 को दो चरणों में आयोजित परीक्षा में शामिल हो रहे हैं। दरअसल, सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को SI भर्ती-2021 के सभी अभ्यर्थियों को 5 अप्रैल से होने वाली परीक्षा में शामिल करने के आदेश दिए थे। ये अभ्यर्थी ओवरएज होने के कारण SI भर्ती-2025 के फॉर्म नहीं भर पाए थे। 2.21 लाख लोग ऐसे हैं, जो SI भर्ती 2021 में शामिल थे, लेकिन 2025 का फॉर्म नहीं भरा। उन्हें सुप्रीम कोर्ट के मॉडिफाई आदेश से झटका लगा है। दो दिन बाद लिखित परीक्षा आरपीएससी ने सुप्रीम कोर्ट में प्रार्थना पत्र दायर कर कहा था कि एसआई भर्ती-2025 परीक्षा में इस स्टेज पर करीब 2.21 लाख अभ्यर्थियों से फॉर्म भरवाकर एडमिट कार्ड जारी करना और उन्हें परीक्षा में बैठाना संभव नहीं है। दो दिन बाद 5 और 6 अप्रैल को लिखित परीक्षा प्रस्तावित है। 7.5 लाख से ज्यादा अभ्यर्थियों को एडमिट कार्ड जारी हो चुके हैं। परीक्षा केंद्रों पर सभी तैयारी हो चुकी हैं। RPSC की ओर से अधिवक्ता राजेश सिंह चौहान ने प्रार्थना पत्र दायर किया था। इसमें कहा था कि सुप्रीम कोर्ट ने हमें सुने बिना ही आदेश पारित किया है। RPSC ने अपील की थी कि सुप्रीम कोर्ट अपने ऑर्डर को मॉडिफाई करके उसे याचिकाकर्ताओं तक सीमित करे। हाईकोर्ट ने ढाई महीने पहले सुनवाई पूरी की यह पूरा विवाद एसआई भर्ती-2021 से जुड़ा हुआ है। हाईकोर्ट की एकलपीठ ने पेपरलीक और गंभीर अनियमितताओं के चलते साल 2021 की एसआई भर्ती को 28 अगस्त 2025 को रद्द कर दिया था। भर्ती को रद्द करते हुए हाईकोर्ट ने कैबिनेट सब कमेटी की अनुशंसा के आधार पर इस भर्ती में शामिल रहे अभ्यर्थियों को आगामी भर्ती में आयु सीमा में छूट की सिफारिश भी की थी। लेकिन एकलपीठ के भर्ती रद्द करने के फैसले पर 8 सितंबर को खंडपीठ ने स्टे दे दिया था। इसके बाद RPSC ने आयु सीमा में विशेष छूट नहीं दी। आयु सीमा में छूट के लिए अभ्यर्थियों ने नए सिरे से याचिकाएं दायर की। सुप्रीम कोर्ट से मामला रिमांड होने के बाद हाईकोर्ट की खंडपीठ ने 19 जनवरी 2026 को पूरे मामले में सुनवाई पूरी करके फैसला सुरक्षित कर लिया था, लेकिन ढाई महीने बीतने के बाद भी अभी तक फैसला नहीं आया है। … यह खबर भी पढ़ें… SI भर्ती-2025 के एग्जाम से पहले सुप्रीम-कोर्ट का बड़ा आदेश:2021 की भर्ती के ओवरएज हो चुके अभ्यर्थियों को परीक्षा में शामिल करने के लिए कहा