टोंक| महादेववाली गौतम छात्रावास के पीछे स्थित बैकुंठ धाम जाने वाले मार्ग की बदहाली मंगलवार को एक बार फिर सामने आ गई, जब एक 30 वर्षीय युवक की अंतिम यात्रा कीचड़ और जलभराव से भरे रास्ते से गुजरने को मजबूर हुई। इस मार्मिक दृश्य का वीडियो सामने आने के बाद क्षेत्रवासियों में प्रशासन के प्रति नाराजगी और बढ़ गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि बारिश होते ही यह मार्ग पूरी तरह जलमग्न हो जाता है। सड़क पर कीचड़ और पानी भर जाने से आम लोगों का आवागमन तो प्रभावित होता ही है, लेकिन सबसे अधिक पीड़ा तब होती है जब अंतिम संस्कार के लिए जाने वाली शवयात्राएं को भी इसी बदहाल रास्ते से होकर गुजरना पड़ता है। लोगों का कहना है कि यह केवल सड़क की समस्या नहीं, बल्कि मृतकों के अंतिम सम्मान और आमजन की भावनाओं से जुड़ा विषय है। क्षेत्रवासियों ने बताया कि 3 जुलाई उन्होंने कलेक्ट्रेट पहुंचकर प्रदर्शन किया था। इस दौरान कलक्टर और नगर परिषद आयुक्त के खिलाफ नारेबाजी करते हुए बैकुंठ धाम जाने वाले रास्ते से अतिक्रमण हटाने, सड़क का निर्माण कराने सहित स्थायी समाधान की मांग की थी। प्रदर्शन के दौरान अधिकारियों को ज्ञापन भी सौंपा गया था, लेकिन इसके बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई और हालात पहले जैसे ही बने हुए हैं। मंगलवार को सामने आया वीडियो एक बार फिर प्रशासनिक दावों पर सवाल खड़े कर रहा है। क्षेत्रवासियों ने मांग की है कि बैकुंठ धाम जाने वाले इस मार्ग से तत्काल अतिक्रमण हटाकर सड़क का निर्माण कराया जाए और प्रभावी जल निकासी की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि भविष्य में किसी अंतिम यात्रा को इस तरह की पीड़ादायक परिस्थितियों से होकर न गुजरना पड़े।