एक्टर टाइगर श्रॉफ की कार पर फायरिंग में इस्तेमाल हथियार अमृतसर से लाए गए थे। पुलिस के मुताबिक, हरियाणा के सोनीपत के कुणाल (21) और सुमित (19) ने लॉरेंस गैंग के मेंबर अनिल पंडित के निर्देश पर एक पिस्टल और 20 कारतूस जुटाए। इसके बाद उत्तर प्रदेश की राधा (23) और बबीता (23) नाम की दो महिलाओं ने इन्हें मुंबई तक पहुंचाया। दिल्ली पुलिस ने मंगलवार को कुणाल, सुमित, राधा और बबीता को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, हथियार जुटाने और उन्हें शूटरों तक पहुंचाने में चारों का रोल था। इससे पहले पुलिस ने फायरिंग के आरोपियों बिहार के ऋतिक और हरियाणा के रेहान और फूल सिंह को सोमवार को कोटा से गिरफ्तार किया था। रेहान की मां शमशीदा ने दैनिक भास्कर से बातचीत में हरियाणा के गोहाना के रहने वाले अमन को इस पूरे मामले का मास्टरमाइंड बताया है। अमृतसर से मुंबई तक ऐसे पहुंचे हथियार पुलिस के मुताबिक, कुणाल और सुमित करीब दो हफ्ते पहले अमृतसर से एक पिस्टल और 20 कारतूस लेकर आए थे। हथियार एक पहले से तय जगह पर रखे गए थे, जहां से दोनों ने उन्हें उठाया। इस तरीके को ‘डेड लेटर बॉक्स’ कहा जाता है। इसमें सामान एक तय जगह पर छोड़ दिया जाता है, जहां से दूसरा व्यक्ति उसे उठा लेता है। पुलिस के अनुसार, दोनों को कथित तौर पर यह नहीं पता था कि हथियार वहां किसने रखे थे। इसके बाद कुणाल ने राधा और बबीता को हथियार मुंबई ले जाने के लिए तैयार किया। दोनों सोनीपत की एक फैक्ट्री में काम करती हैं। 15 अक्टूबर को वे ट्रेन से मुंबई रवाना हुईं। पुलिस का कहना है कि पिस्टल राधा के बैग में रखी गई थी। 17 अक्टूबर को दोनों दादर स्टेशन पहुंचीं और एक होटल में ठहरीं। उसी दिन एक नाबालिग लड़का राधा से बैग लेकर चला गया। पुलिस जांच कर रही है कि इसी बैग में रखा हथियार फायरिंग में इस्तेमाल हुआ था या नहीं। यह भी जांच की जा रही है कि बैग लेने वाला लड़का वही था या नहीं, जिसे कोटा से गिरफ्तार किया गया था। फायरिंग के बाद शूटरों को मुंबई से निकालने की कोशिश पुलिस के मुताबिक, 18 अक्टूबर को टाइगर श्रॉफ की कार पर फायरिंग के बाद अनिल पंडित ने कुणाल से संपर्क किया। आरोप है कि उसने कुणाल को शूटरों को मुंबई से बाहर निकालने की व्यवस्था करने के लिए कहा। इसी दिन राधा और बबीता दादर से हरिद्वार की ओर जाने वाली एक्सप्रेस ट्रेन में सवार हुईं। पुलिस इस गतिविधि को फायरिंग के बाद आरोपियों की आवाजाही से जोड़कर जांच रही है। रेहान की मां ने अमन को बताया मास्टरमाइंड शूटर रेहान की मां शमशीदा ने दैनिक भास्कर से बातचीत में आरोप लगाया कि गोहाना का अमन कम उम्र के लड़कों को अपने जाल में फंसाता है। उनके मुताबिक, अमन विदेश में बैठे लॉरेंस गैंग के मेंबर अनिल पंडित के इशारे पर काम करता है। शमशीदा का दावा है कि अमन ने उनके बेटे रेहान को पहले अवैध हथियार के मामले में फंसाया और फिर दबाव बनाकर उसकी जमानत करवाई, ताकि उससे आपराधिक काम कराए जा सकें। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि विदेश से आने वाली फंडिंग अमन के जरिए होती है। सोनीपत के नाबालिग आरोपी के पिता ने भी दावा किया कि अमन के संपर्क में आने के बाद उनका बेटा घर छोड़कर चला गया था और अमन उसे अपने पास रखता था। वहीं, एक वकील ने कहा कि अमन पर अवैध हथियारों से जुड़े करीब आधा दर्जन मुकदमे दर्ज हैं। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध जानकारी में नहीं है। चार आरोपी गिरफ्तार, तीन कथित शूटर पहले से हिरासत में दिल्ली पुलिस के मुताबिक, राधा और बबीता को नई दिल्ली रेलवे स्टेशन से पकड़ा गया, जबकि कुणाल और सुमित को सोनीपत से हिरासत में लिया गया। मुंबई पुलिस ने चारों का तीन दिन का ट्रांजिट रिमांड हासिल किया है। इस मामले में बिहार के ऋतिक और हरियाणा के रेहान व फूल सिंह को पहले ही कोटा से गिरफ्तार किया जा चुका है। पुलिस हथियारों के स्रोत, सप्लाई नेटवर्क में शामिल लोगों और फायरिंग के बाद आरोपियों को मुंबई से बाहर निकालने की कथित योजना की जांच कर रही है।