पेपर लीक की आशंका के बाद नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने 3 मई को हुई NEET-2026 रद्द कर दी है। इससे पूरे देश में आक्रोश है। राजस्थान में आज (बुधवार) कांग्रेस प्रदर्शन कर रही है। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि इससे लाखों स्टूडेंट्स के भविष्य के साथ खिलवाड़ हुआ है। सीकर, उदयपुर और पाली समेत कई जिलों में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का पुतला फूंका गया। उनसे इस्तीफा मांगा गया। साथ ही, केंद्र सरकार और NTA पर सवाल उठाए गए। दूसरी ओर, यूडीएच मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने कहा- NEET रद्द होने से मेहनती बच्चों को जो तकलीफ हुई है, उसके लिए मैं भारत सरकार व राजस्थान सरकार की ओर से और व्यक्तिगत रूप से माफी मांगता हूं। राजस्थान में प्रदर्शन की PHOTOS…. NEET पेपर लीक की 3 बड़ी बातें 1. स्टूडेंट्स को परीक्षा से 3 सप्ताह पहले मिला पेपर NEET तीन मई को देशभर में आयोजित की गई थी। जांच में सामने आया है कि राजस्थान सहित 10 राज्यों में परीक्षा के 3 सप्ताह पहले ही गेस पेपर स्टूडेंट्स को सर्कुलेट हो गया था। इस पेपर के 120 से ज्यादा सवाल ओरिजनल पेपर में भी आए थे। 2. शक न हो इसलिए 'गेस पेपर' का दिया नाम इस पूरे खेल का मास्टरमाइंड नासिक की प्रिंटिंग प्रेस से जुड़ा है। माफिया ने पेपर लीक को छिपाने के लिए इसे 'गेस पेपर' का नाम दिया, ताकि जांच एजेंसियों की आंखों में धूल झोंकी जा सके। 3. अब CBI कर रही पूरे मामले की जांच मामले में सीकर के रहने वाले राकेश मंडवारिया, जयपुर के दो भाइयों दिनेश और मांगीलाल, नासिक से शुभम खैरनार समेत कई लोगों को हिरासत में लिया है। अब केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) मामले की जांच कर रही है। खबर के पल-पल के अपडेट के लिए ब्लॉग से गुजर जाइए…