उदयपुर में भाजपा ने जिला परिषद सदस्यों के प्रत्याशियों की सूची जारी कर दी। नामांकन के करीब 1 घंटे बाद मंगलवार दोपहर 4 बजे भाजपा ने यह सूची जारी की। पार्टी ने इस बार पूर्व विधायक दलीचंद डांगी, नानालाल अहारी और वल्लभनगर से विधायक प्रत्याशी रहे हिम्मतसिंह झाला को मैदान में उतारा है। इसके अलावा उदयपुर ग्रामीण विधायक फूलसिंह मीणा की बेटी संजना मीणा को मौका दिया है। इसके अलावा पूर्व जिलाध्यक्ष चंद्रगुप्त सिंह चौहान, पूर्व प्रधान प्रतिभा नागदा, जिला महामंत्री ललित सिंह सिसोदिया और घनश्याम मेनारिया को टिकट दिया है। सूत्रों के अनुसार- पूर्व जिलाध्यक्ष भंवर सिंह पंवार का ऐन मौके पर टिकट काटकर अनिल जारोली को आगे कर दिया गया। बीजेपी जनजाति मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष और उदयपुर सांसद मन्नालाल रावत की पत्नी रजनी रावत के चुनाव के भी लड़ने चर्चा थी। उन्होंने सोमवार को जिला कलेक्ट्रेट पहुंचकर नामांकन फॉर्म भी लिया। नामांकन के लिए मंगलवार को रजनी रावत का नहीं पहुंचना हर किसी के लिए चौंकाने वाला चर्चित विषय रहा। माना जा रहा है कि रजनी का जिला परिषद् सदस्य का चुनाव लड़ना लगभग तय था, लेकिन तकनीकी कारणों से उनको ऐन मौके पर चुनाव से पीछे हटना पड़ा। भंवर पंवार का टिकट कटा, जारोली को मौका बीजेपी इस बार पूर्व देहात के जिलाध्यक्ष भंवरसिंह पंवार का टिकट काट दिया गया। हालांकि पंवार ने चुपचाप कलेक्ट्रेट नामांकन फॉर्म जमा भी करवा दिया था। अचानक मंगलवार दोपहर बाद समीकरण बदले और पंवार का टिकट बदलकर अनिल जारोली को टिकट दिया गया। पंवार को पार्टी की तरफ सिंबल नहीं मिलने पर उन्हें निर्दलीय चुनाव पड़ सकता है या फिर फॉर्म वापस ले पडे़गा। करणी सेना के जिलाध्यक्ष को भी मौका बीजेपी ने अर्जुन सिंह चुंडावत को मौका दिया है। अर्जुनसिंह श्री राष्ट्रीय राजपुत करणी सेना के जिलाध्यक्ष हैं। उन्हें कांग्रेस के राजसिंह झाला के सामने मैदान में उतारा है। चुंडावत को अक्सर सरकार के विरोध और समाज हित में आक्रामक तेवर के लिए जाना जाता हैं। पूरी सूची देखें…