भीलवाड़ा| महिलाओं और युवतियों को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से भारत विकास परिषद की स्वामी विवेकानंद शाखा ने महिला जागरूकता और ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ प्रकल्प के तहत कौशल प्रशिक्षण शिविर आयोजित किया। “तेजस्विनी - समर्थ संस्कार सफलता” कार्यक्रम के अंतर्गत ‘प्रज्वलन’ और ‘हुनर आत्मनिर्भरता’ विषय पर आयोजित इस शिविर में प्रतिभागियों को रोजगार से जुड़ी उपयोगी कलाओं का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया। शिविर में महिलाओं ने कपड़े के चैन वाले बैग और आकर्षक पेंटिंग से सजे डिजाइनर बैग तैयार करने की तकनीकें सीखीं। इसके साथ ही घर की साज-सज्जा के लिए मिनिएचर और मिनी फ्लावर पॉट्स को विभिन्न डिजाइनों में बनाने का प्रशिक्षण भी दिया गया। कार्यक्रम के दौरान महिलाओं और युवतियों में उत्साह दिखाई दिया और उन्होंने पूरी तन्मयता के साथ नई कलाएं सीखने में रुचि ली। महिला संयोजिका अनु हिम्मतरामका ने बताया कि ऐसे आयोजनों का लक्ष्य महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है।