कोटा जिले में निकाय चुनाव को लेकर प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। जिला निर्वाचन अधिकारी पीयूष सामरिया ने स्ट्रांग रूम का निरीक्षण कर EVM की जांच की और अधिकारियों को चुनाव प्रक्रिया में पूरी सावधानी बरतने के निर्देश दिए। उन्होंने मतदान केंद्रों पर मॉक-पोल निर्धारित समय पर कराने के निर्देश दिए। साथ ही 5 नगरपालिकाओं के मतदान दलों का रेंडमाइजेशन किया गया, ताकि मतदान ड्यूटी में पारदर्शिता बनी रहे। दरअसल, कोटा जिले की पांच नगरपालिकाओं सुल्तानपुर, इटावा, रामगंजमंडी, सुकेत और सांगोद में 9 सितंबर को मतदान होगा। वहीं कोटा नगर निगम के 100 वार्डों के लिए 11 सितंबर को वोटिंग कराई जाएगी। दोनों चुनावों की मतगणना 14 सितंबर को होगी। सोमवार को पांचों नगरपालिकाओं के लिए मतदान दलों का तीसरा रेंडमाइजेशन किया गया। इलेक्शन मैनेजमेंट सिस्टम के माध्यम से निर्धारित प्रक्रिया के तहत मतदान दलों को संबंधित पोलिंग बूथ आवंटित किए गए। इस दौरान उप निर्वाचन अधिकारी राजेश जोशी, मतदान दल प्रभारी मुकेश चौधरी और जिला सूचना विज्ञान अधिकारी मनीष शर्मा मौजूद रहे। इधर, जिला निर्वाचन अधिकारी पीयूष सामरिया ने सोमवार देर शाम जेडीबी कॉलेज पहुंचकर कोटा नगर निगम चुनाव की तैयारियों का जायजा लिया। उन्होंने स्ट्रांग रूम में रखी ईवीएम का निरीक्षण किया और ईवीएम कमीशनिंग की प्रक्रिया देखी। समारिया ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि ईवीएम सील करते समय सभी डिटेल्स की अच्छी तरह जांच की जाए। किसी मशीन में तकनीकी खामी मिलने पर अतिरिक्त ईवीएम उपलब्ध रखने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने मतदान से पहले निर्धारित समय पर मॉक-पोल कराने और राज्य निर्वाचन आयोग के निर्देशों के अनुसार समय पर मतदान शुरू कराने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान उप जिला निर्वाचन अधिकारी राजेश जोशी, एडीएम सीलिंग रवि वर्मा सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।