कोटपूतली में शुक्रवार को कृष्ण जन्माष्टमी का पर्व श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। मौहल्ला बुचाहेड़ा स्थित श्री सीताराम बड़ा मंदिर ट्रस्ट परिसर में सजीव झांकियां सजाई गईं। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव एवं न्यायाधीश नीलम मीणा ने दीप प्रज्वलित कर जन्माष्टमी महोत्सव का उद्घाटन किया। श्री सीताराम बड़ा मंदिर में पिछले 18 वर्षों से लगातार कृष्ण जन्माष्टमी का पर्व बड़े स्तर पर आयोजित किया जा रहा है। इस बार भी मंदिर परिसर को ताजे और विदेशी फूलों से आकर्षक तरीके से सजाया गया। सजीव झांकियों में छोटे बच्चों ने राधा-कृष्ण सहित विभिन्न देवी-देवताओं का रूप धारण किया। शहर के विभिन्न मंदिरों में सजाई गईं झांकियां, देखिए Photos- अमरनाथ गुफा और राधा-कृष्ण की झांकी रही खास आकर्षण जन्माष्टमी महोत्सव में अमरनाथ गुफा की बर्फीली झांकी मुख्य आकर्षण का केंद्र रही। इसमें श्रद्धालुओं को बाबा बर्फानी के दर्शन कराए गए। वहीं यमुना किनारे कदम के पेड़ की छांव में झूला झूलते राधा-कृष्ण की झांकी ने भी लोगों का ध्यान खींचा। कंस की जेल में भगवान श्रीकृष्ण के जन्म और कन्हैया की माखन चोरी की लीलाओं को भी सजीव रूप में प्रस्तुत किया गया। इसके अलावा ग्रामीण संस्कृति और मां काली के स्वरूप की झांकियां भी सजाई गईं। भारत माता की झांकी के जरिए राष्ट्रीयता और सर्वधर्म समभाव का संदेश दिया गया। भीड़ को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम झांकियां देखने के लिए मंदिर परिसर में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। भीड़ को देखते हुए ट्रस्ट की ओर से सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए गए। पूरे परिसर में सीसीटीवी कैमरे लगाए गए और सुरक्षा वॉलंटियर तैनात किए गए, ताकि श्रद्धालुओं को दर्शन के दौरान किसी तरह की परेशानी न हो। जन्माष्टमी महोत्सव की झांकियों और व्यवस्थाओं को सफल बनाने में कमेटी के घनश्याम अथोनिया, अमित यादव, मनीष यादव, अमरजीत सिंह शेखावत, हनुमान बली और सुरेश संघई सहित सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने सेवाएं दीं। कार्यकर्ताओं ने झांकियों की तैयारी से लेकर श्रद्धालुओं की व्यवस्थाओं तक जिम्मेदारियां संभालीं।