कोटपूतली में अतिरिक्त जिला कलेक्टर ओमप्रकाश सहारण ने मंगलवार को कृषि उपज मंडी समिति स्थित भारतीय खाद्य निगम (FCI) के गेहूं खरीद केंद्र का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान किसानों ने तौल में गड़बड़ी और खाली कट्टे के वजन में अधिक कटौती की शिकायतें कीं। इलेक्ट्रॉनिक कांटों में मिली अनियमितता निरीक्षण में पाया गया कि खरीद केंद्र पर इस्तेमाल हो रहे इलेक्ट्रॉनिक कांटों में अनियमितता थी। जांच में प्रति 50 किलोग्राम पर लगभग 350 ग्राम अधिक तौल की गड़बड़ी सामने आई। इसके अतिरिक्त, खाली कट्टे के निर्धारित 135 ग्राम के स्थान पर 500 से 700 ग्राम तक की कटौती की जा रही थी, जिससे किसानों को प्रति कट्टा 700 से 800 ग्राम तक का नुकसान हो रहा था। तीन कांटों की जांच की मामले की गंभीरता को देखते हुए, अतिरिक्त जिला कलेक्टर ने मापतोल विभाग की तकनीकी टीम को मौके पर बुलाया। टीम ने खरीद केंद्र के तीनों कांटों की जांच की, जिसमें सभी कांटे लंबे समय से अप्रमाणित पाए गए और तौल में अनियमितता की पुष्टि हुई। उन्होंने ऑयल जांच मशीन का भी अवलोकन किया। खरीद केंद्र प्रभारी को लगाई फटकार सहारण ने खरीद केंद्र प्रभारी को कड़ी फटकार लगाई और तत्काल कांटों को दुरुस्त करने के निर्देश दिए। उन्होंने सचिव कृषि उपज मंडी समिति और विधिक मापतोल अधिकारी को भारतीय खाद्य निगम के संबंधित जिम्मेदार अधिकारियों के विरुद्ध नियमानुसार सख्त कार्रवाई करने का निर्देश दिया। अतिरिक्त जिला कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि किसानों के हितों से किसी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने खरीद केंद्रों पर पारदर्शिता और निर्धारित मानकों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही, ऐसी अनियमितताओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए सभी खरीद केंद्रों पर नियमित निरीक्षण के निर्देश दिए। इस दौरान मंडी सचिव रामफूल गुर्जर सहित संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।