अजमेर में नीट यूजी- 2026 परीक्षा रद्द किए जाने के विरोध में मंगलवार को एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया। पेपर लीक के आरोपों के बीच परीक्षा रद्द होने से नाराज कार्यकर्ताओं ने रैली निकालकर कलेक्ट्रेट पहुंचकर धरना दिया। इस दौरान मुख्य सड़क पर कुछ देर के लिए जाम की स्थिति बन गई। इसके बाद कार्यकर्ताओं ने टायर जलाकर केंद्र और राज्य सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन एनएसयूआई ग्रामीण अध्यक्ष अंकित घारू के नेतृत्व में किया गया। कार्यकर्ताओं ने सिर पर काली पट्टियां बांधकर विरोध जताया। उन्होंने कहा कि लगातार सामने आ रही पेपर लीक की घटनाओं ने छात्रों और अभिभावकों का भविष्य अंधकार में डाल दिया है। लाखों स्टूडेंट्स के सपने टूट गए हैं। पेपर लीक मामले को दबाने की कोशिश का आरोप एनएसयूआई ग्रामीण अध्यक्ष अंकित घारू ने कहा कि देश और प्रदेश में प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक की घटनाएं लगातार बढ़ती जा रही हैं। नीट जैसी महत्वपूर्ण परीक्षा में भी पेपर लीक सामने आने के बाद परीक्षा रद्द करनी पड़ी, जिससे लाखों स्टूडेंट और उनके परिवारों के सपने टूट गए हैं। उन्होंने कहा कि छात्र सालों तक मेहनत करते हैं, लेकिन सरकार परीक्षाओं की गोपनीयता तक सुरक्षित नहीं रख पा रही है। घारू ने आरोप लगाया कि पेपर लीक मामले को दबाने का प्रयास भी किया जा रहा था लेकिन जब मामला सामने आया तो परीक्षा रद्द करनी पड़ी। उन्होंने कहा कि अगर केंद्र सरकार देश और प्रदेश की व्यवस्था संभालने में सक्षम नहीं है तो उसे नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा दे देना चाहिए। दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग प्रदर्शन के दौरान एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। उन्होंने कहा कि पेपर लीक माफियाओं पर कठोर कानून लागू किया जाए और निष्पक्ष जांच कर पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जाए। कलेक्ट्रेट के बाहर हुए प्रदर्शन के कारण कुछ देर यातायात भी प्रभावित रहा। मौके पर पुलिस जाब्ता तैनात रहा और बाद में समझाइश के बाद प्रदर्शन समाप्त कराया गया।