चक्रवाती तूफान 'अर्नब' के असर से शुक्रवार को अजमेर के मौसम में बदलाव नजर आया। दिनभर बादल छाए रहे। ठंडी हवा चली। देर रात बूंदाबांदी भी हुई। न्यूनतम तापमान 16.7 डिग्री दर्ज किया गया। 2.1MM बारिश दर्ज की गई। मौसम में ठंडक बढ़ने से लोगों ने पंखे बंद करना शुरू कर दिया है। सुबह और देर रात चादर ओढ़ने की जरूरत महसूस होने लगी है। गर्म कपड़ों की खरीदारी भी शुरू हो गई है। मौसम विभाग ने आज ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। गुरुवार को अधिकतम तापमान 29.1 और न्यूनतम 18.0 डिग्री था। यानी एक दिन में न्यूनतम तापमान 2.7 डिग्री कम हो गया। इसके बावजूद बादलों और ठंडी हवाओं से दिन में भी ठंडक महसूस हुई। मौसम विज्ञानी डॉ. विजय घई के मुताबिक, बारिश के कारण हवा में ठंडक बढ़ी है। अगले 4-5 दिन सुबह 9 से पहले और रात 8 बजे के बाद ठंडक ज्यादा महसूस होगी। दोपहर में मौसम अपेक्षाकृत सामान्य रहेगा। बारिश की गतिविधियां थमने के बाद आसमान साफ हुआ तो रात के तापमान में और गिरावट आ सकती है। दो दिन बारिश के आसार, 1 नवंबर से मौसम शुष्क रहेगा मौसम विज्ञानी विजय घई ने बताया कि चक्रवाती तूफान अर्णब कमजोर होकर अवदाब में बदल चुका है और दक्षिणी छत्तीसगढ़ के ऊपर स्थित है। अगले 24 घंटे में इसके और कमजोर होने की संभावना है। इसके अलावा नए पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से पंजाब और आसपास के क्षेत्र में प्रेरित परिसंचरण तंत्र बना हुआ है। इसके चलते अजमेर संभाग में बादल छाने, कहीं-कहीं मेघगर्जन, तेज हवाओं और हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है। हवाओं की गति 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक रह सकती है। आज भी संभाग के कुछ हिस्सों में मेघगर्जन और तेज हवाओं के साथ हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। 31 अक्टूबर को भी कहीं-कहीं बारिश के आसार हैं। इसके बाद 1 नवंबर से मौसम मुख्यतः शुष्क रहने संभावना है। हालांकि तापमान में गिरावट का दौर जारी रह सकता है और सुबह, शाम व रात में ठंडक बढ़ेगी। 10 साल में अक्टूबर में पारा 33.2° से नीचे नहीं गया उपलब्ध रिकॉर्ड के मुताबिक, 2016 से 2025 के बीच अक्टूबर में अधिकतम तापमान 33.2 से 38.5 डिग्री के बीच रहा। वर्ष 2017 में यह 38.5 और 2025 में 33.2 डिग्री दर्ज किया गया था। इस साल गुरुवार का अधिकतम तापमान 29.1 डिग्री रहा, जो इन आंकड़ों से कम है।