भास्कर न्यूज | भीलवाड़ा गारनेट का अवैध खनन करने वालों से अवैध वसूली करने के मामले में 4 आरोपियों सहित रुपए के बंटवारे की साजिश में शामिल इलेक्ट्रोनिक्स व्यवसायी को पुलिस रिमांड पूरी होने पर शनिवार को अवकाश के कारण भीलवाड़ा के लिंक कोर्ट में पेश किया गया। कोर्ट ने इन पांचों को न्यायिक अभिरक्षा में भेजने के आदेश दिए। पुर सीआई कन्हैयालाल प्रजापत ने अवैध वसूली को लेकर कोटड़ी थाने में दर्ज मामले में गिरफ्तार आरोपी शिवसुंदरनगर निवासी अजय पांचाल, उदलियास निवासी नंदसिंह, मोहनपुरा निवासी नारायण गुर्जर और सालरिया खुर्द निवासी कालू गुर्जर और भीलवाड़ा के प्रमुख इलेक्ट्रोनिक्स व्यवसायी सौरभ काष्ट को पुलिस रिमांड अवधि खत्म होने पर शनिवार को कोर्ट में पेश किया गया। बताया गया कि आरोपियों से अब तक अवैध खनन करने वालों से मांगे और वसूल की गई राशि के बारे में पूछताछ के साथ ही ट्रांजेक्शन की भी जांच की गई। सीआई प्रजापत ने बताया कि अनुसंधान में जरुरत पड़ने पर आरोपियों को फिर से गिरफ्तार किया जाएगा। एपीओ किए गए आईपीएस माधव उपाध्याय के खिलाफ जांच के लिए आए जीआरपी एसपी नरेन्द्रसिंह ने बजरी-गारनेट के अवैध खनन-परिवहन की कार्रवाइयों में शामिल रहे उपाध्याय की टीम के अन्य पुलिसकर्मियों के बारे में जानकारी जुटाने के साथ उनसे भी पूछताछ की। वे अपनी जांच रिपोर्ट डीजीपी को सौंपेंगे। उपाध्याय के साथ बजरी-गारनेट के अवैध खनन-परिवहन को लेकर सूचनाएं देने और कार्रवाई में शामिल के साथ ही अप्रत्यक्ष रूप से सहयोग देने व संदिग्ध भूमिका वाले पुलिसकर्मी भी जांच की रडार पर हैं।