बारां के केलवाड़ा थाना क्षेत्र में जमीन विवाद को लेकर चलती बस से पिता-पुत्री के अपहरण के मामले का पुलिस ने 24 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया। मध्य प्रदेश के शिवपुरी निवासी महेश और उनकी बेटी को जमीन की रजिस्ट्री कराने के बाद लौटते समय हाईवे पर कार लगाकर बस से जबरन उतार लिया गया और जंगल में ले जाकर धमकाया गया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए छह आरोपियों को गिरफ्तार कर वारदात में प्रयुक्त दो वाहन, दो चाकू और एक प्लास्टिक पिस्टल बरामद की है। जमीन की रजिस्ट्री के बाद हुई वारदात मध्य प्रदेश के शिवपुरी निवासी महेश अपनी बेटी के साथ 30 जून को केलवाड़ा में जमीन की रजिस्ट्री कराने आए थे। रात में श्योपुर लौटते समय आरोपियों ने हाईवे पर बस के आगे कार लगाकर उसे रुकवाया और दोनों को जबरन नीचे उतार लिया। इसके बाद उन्हें जंगल में ले जाकर धमकाया गया। नाकाबंदी से बढ़ा दबाव, पीड़ितों को छोड़कर भागे आरोपी घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने तत्काल नाकाबंदी कर दी और आरोपियों की तलाश शुरू कर दी। पुलिस की सक्रियता और लगातार दबिश की भनक लगते ही आरोपी पिता-पुत्री को राष्ट्रीय राजमार्ग-27 के पास छोड़कर फरार हो गए। तकनीकी साक्ष्यों से छह आरोपी गिरफ्तार पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों, मुखबिर तंत्र और लगातार दबिश के आधार पर मुख्य साजिशकर्ता सहित लखन उर्फ रामकल्याण, रामवीर, महावीर, राजकुमार, नारायण और राकेश को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों से पूछताछ जारी है। वाहन, हथियार भी बरामद पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल की गई स्कॉर्पियो और अर्टिगा कार, दो चाकू तथा एक प्लास्टिक पिस्टल भी बरामद की है। आरोपियों के खिलाफ अपहरण, अवैध बंधक बनाने सहित अन्य धाराओं में कार्रवाई की जा रही है।