बाड़मेर में रुपए दोगुने करने का लालच देकर करोड़ों रुपए की ठगी का मामला सामने आया है। पीड़ितों ने गुरुवार को कोतवाली थाने पहुंचकर ऑरोरा एक्स कंपनी के खिलाफ रिपोर्ट दी। पीड़ितों का आरोप है कि कंपनी ने स्थानीय एजेंटों के साथ मिलकर 5 हजार से ज्यादा लोगों को रुपए दोगुने करने का झांसा दिया। फिलहाल पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। पीड़ितों के मुताबिक, इस ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के जरिए करोड़ों रुपए का फ्रॉड किया गया है। कई लोगों ने गोल्ड लोन और पर्सनल लोन लेकर इसमें रुपए लगाए थे। पीड़ितों का आरोप है कि बाड़मेर में ऑरोरा एक्स नाम से एक ऑनलाइन प्लेटफॉर्म चलाया जा रहा था। इसके स्थानीय एजेंट लोगों को रुपए दोगुने करने का लालच देकर ट्रेडिंग करवाते थे। 8 लाख रुपए का गोल्ड लोन लेकर लगाए एक पीड़ित स्टूडेंट ने बताया कि सेड़वा निवासी आसुलाल और उसके एक-दो अन्य परिचितों ने उन्हें इस ऐप पर रुपए लगाने का झांसा दिया। लोगों को भरोसे में लेने के लिए बड़ी-बड़ी मीटिंग की जाती थीं। उनके झांसे में आकर उसने 8 लाख रुपए का गोल्ड लोन लिया और वह रकम भी ऐप में लगा दी। पीड़ित के मुताबिक, कंपनी की ओर से कहा गया था कि 3.85 लाख रुपए जमा कराने पर एक फोन और विदेश यात्रा का मौका दिया जाएगा। इसके साथ ही 50 हजार रुपए का इनाम देने की बात भी कही गई थी। पीड़ित ने बताया कि उसने अपनी टीम में 70 लोगों को जोड़ा और उनसे 70 लाख रुपए जमा करवाए। उसने ठगी करने वालों में धोरीमन्ना निवासी दीपक और पाली के सोजत निवासी उगमसिंह राजपुरोहित के नाम भी बताए हैं। 5 हजार लोगों से करीब 100 करोड़ रुपए ठगने का दावा पीड़ितों का दावा है कि इस ऑनलाइन ठगी में बाड़मेर के 5 हजार से ज्यादा लोग शिकार हुए हैं और करीब 100 करोड़ रुपए ठगे जा चुके हैं। उनका आरोप है कि यह ऐप भी संबंधित लोगों ने ही बनाया था। पीड़ितों की मांग है कि उन्होंने जो रुपए लगाए हैं, वे वापस दिलाए जाएं। एक पीड़ित ने कहा कि उसे ब्याज नहीं चाहिए, लेकिन कम से कम उसकी मूल रकम तो वापस मिलनी चाहिए। उसने बताया कि उसके जरिए जिन लोगों ने रुपए लगाए थे, वे अब उससे पैसे वापस मांग रहे हैं और उसे परेशान कर रहे हैं। पुलिस ने शुरू की जांच कोतवाली थाना प्रभारी मनोज कुमार ने बताया कि पीड़ितों की ओर से रिपोर्ट मिली है। पूरे मामले की जांच की जा रही है और ठगी करने वालों की तलाश की जा रही है।