बाड़मेर के चौहटन से विधायक आदूराम मेघवाल के बिजनेसमैन बेटे और सरकारी टीचर बहू ने देहदान का ऐलान कर दिया। दोनों का जन्मदिन 15 जुलाई को आता है। बुधवार को दोनों बाड़मेर जिला हॉस्पिटल पहुंचे और देहदान की घोषणा की। कहा- शरीर मिट्‌टी में मिल जाए इससे अच्छा है कि MBBS स्टूडेंट्स के काम आए। बाड़मेर जिला हॉस्पिटल पहुंचकर आदूराम मेघवाल के पुत्र भवानी शंकर (37) और उनकी पत्नी श्रीदेवी (37) ने PMO और डॉक्टरों की मौजूदगी में केक काटकर बर्थडे भी मनाया। बता दें कि भवानी शंकर बिजनेसमैन और पेट्रोल पंप के मालिक हैं जबकि उनकी पत्नी श्रीदेवी चौहटन के सरकारी स्कूल में टीचर हैं। माता पिता से मिली प्रेरणा विधायक की पुत्रवधु श्रीदेवी ने कहा- मुझे देहदान की प्रेरणा मेरे मम्मी-पापा से मिली। वे भी देहदान करने की आपस में बात कर रहे थे। मुझे पिछले साल करना था लेकिन जन्मदिन पर जयपुर में थी। इस वजह से नहीं कर पाई। इस बार मैंने हम दोनों के जन्मदिन पर देहदान करने का फैसला किया। उन्होंने कहा- मृत्यु के बाद शरीर मिट्‌टी में मिल जाना है। इससे अच्छा एमबीबीएस कर रहे बच्चों के लिए हमारा शरीर काम आए। बच्चों के साथ पहुंचे हॉस्पिटल भवानी शंकर और श्रीदेवी अपने बच्चों के साथ बाड़मेर जिला हॉस्पिटल पहुंचे। यहां पीएमओ ऑफिस में देहदान की घोषणा की। इस दौरान वहां पर डॉ. बीएल मंसूरिया समेत मेडिकल स्टॉफ मौजूद रहे।भवानी शंकर ने कहा- पत्नी की प्रेरणा से ही हमने देहदान का फैसला किया। बाड़मेर जिला हॉस्पिटल के पीएमओ डॉ. हनुमान राम चौधरी ने बताया- बाड़मेर मेडिकल कॉलेज में अब तक 129 लोगों ने देहदान करने की घोषणा कर चुके हैं। देहदान से मेडिकल शिक्षा और शोध कार्य में मदद मिलती है। इससे भविष्य में कई जिंदगियां बचाई जा सकती है। बाड़मेर के लोगों में बढ़ती जागरूकता समाज के लिए सकारात्मक संकेत हैं। ऐसे फैसले आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा दायक बनेंगे।