बूंदी में नव नियुक्त जिला कलेक्टर हरफूल सिंह यादव ने रविवार को शहर का सघन निरीक्षण कर प्रशासनिक मशीनरी को एक्शन मोड में ला दिया। उन्होंने साफ शब्दों में निर्देश दिए कि एक माह के भीतर शहर की सफाई व्यवस्था मजबूत और सुचारू दिखनी चाहिए। निरीक्षण के दौरान सड़कों, नालों, झीलों और प्रमुख सार्वजनिक स्थलों की स्थिति पर नाराजगी जताते हुए मौके पर ही सुधार के आदेश दिए गए। शहर के प्रमुख इलाकों का ग्राउंड निरीक्षण कलेक्टर ने पुलिस लाइन, मीरां गेट, जैतसागर, लंका गेट, बालचंदपाड़ा, नवल सागर झील, नागदी बाजार और खेल संकुल सहित कई प्रमुख क्षेत्रों का दौरा किया। हर जगह उन्होंने अधिकारियों को मौके पर दिशा-निर्देश देते हुए स्पष्ट किया कि जमीनी स्तर पर बदलाव नजर आना चाहिए, सिर्फ कागजी कार्रवाई नहीं चलेगी। नाले और अतिक्रमण पर सख्ती पुलिस लाइन और महावीर कॉलोनी क्षेत्र में जैतसागर नाले के निर्माण कार्य की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने कहा कि अतिक्रमण तुरंत हटाए जाएं, निर्माण कार्य में तेजी लाई जाए, बने हुए नालों में कचरा जमा न हो, इसकी नियमित सफाई सुनिश्चित की जाए। नवल सागर झील और म्यूजिकल फाउंटेन पर फोकस नवल सागर झील के किनारे बन रहे म्यूजिकल फाउंटेन का निरीक्षण करते हुए कलेक्टर ने सख्त निर्देश दिए कि झील और आसपास जमा कचरा तुरंत हटाया जाए, डीपीआर के अनुसार सफाई व्यवस्था लागू हो, पर्यटकों के लिए पर्याप्त पार्किंग की व्यवस्था की जाए। आजाद पार्क: 1 दिन में सफाई का टारगेट आजाद पार्क में भीड़ को देखते हुए कलेक्टर ने 24 घंटे के भीतर पूरी सफाई, खराब लाइटों और जिम उपकरणों की तुरंत मरम्मत और लापरवाही करने वालों पर कार्रवाई के निर्देश दिए। खेल संकुल में पर्यावरण पर जोर खेल संकुल के निरीक्षण के दौरान गाजर घास (पार्थेनियम) हटाने के निर्देश, सूखे पत्तों से खाद बनाने के लिए कम्पोस्ट पिट विकसित करने का सुझाव, तरणताल में सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन पर विशेष ध्यान देने को कहा गया। विजन: आधुनिक और व्यवस्थित बूंदी कलेक्टर ने कहा कि लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के विजन के अनुरूप बूंदी को मजबूत आधारभूत संरचना, बेहतर नागरिक सुविधाएं, योजनाबद्ध विकास के साथ एक आदर्श शहर बनाया जाएगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि हुडको और अन्य योजनाओं के लिए बेसिक होमवर्क पूरा कर लिया गया है। जनता से अपील: सफाई में दें सहयोग कलेक्टर ने आमजन से अपील करते हुए कहा कि नालियों में कचरा न डालें, सार्वजनिक संपत्तियों की जिम्मेदारी साझा करें और सफाई को आदत बनाएं। नगर परिषद नियमित कचरा उठाव सुनिश्चित करेगी, लेकिन जनता का सहयोग जरूरी है। निरीक्षण में रहे मौजूद इस दौरान अतिरिक्त जिला कलेक्टर रामकिशोर मीणा, सीईओ जिला परिषद रवि वर्मा, एसडीएम लक्ष्मीकांत मीणा, आरयूआईडीपी के अधिकारी और नगर परिषद के कर्मचारी मौजूद रहे।