बूंदी के करवर कस्बे में समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीद केंद्र पर खरीदे गए गेहूं का उठाव नहीं होने से खरीद कार्य प्रभावित हो रहा है। इससे किसानों को अपनी उपज बेचने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। उठाव में देरी के कारण किसानों को गेहूं की तुलाई के लिए दो से तीन दिन तक इंतजार करना पड़ रहा है। दूर-दराज से आए किसान अपनी ट्रैक्टर-ट्रॉलियों की रखवाली करने को मजबूर हैं। मंगलवार को उठाव न होने के कारण कुछ समय के लिए तुलाई कार्य भी बाधित हुआ था। किसानों ने संबंधित एजेंसियों से व्यवस्थाएं सुचारू करने की मांग रखी और प्रदर्शन करने का अल्टीमेटम भी दिया। उन्होंने मौजूदा व्यवस्था पर नाराजगी व्यक्त करते हुए नियमित माल उठाव और आवश्यक इंतजाम सुनिश्चित करने की अपील की। सूचना मिलने पर देई मार्केटिंग मैनेजर कमलेश जैन मौके पर पहुंचे। उन्होंने स्थिति का जायजा लिया और किसानों तथा सहकारी समिति सदस्यों से बातचीत की। किसानों ने बताया कि जिम्मेदारों के ध्यान न देने से व्यवस्थाएं प्रभावित हो रही हैं, जिससे एमएसपी पर सरकारी खरीद बेमानी साबित हो रही है। समिति प्रशासन ने भी संबंधित एजेंसियों से समस्या के समाधान की मांग की है, ताकि किसानों को राहत मिल सके और समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीद कार्य सुचारू रूप से संचालित हो सके। मार्केटिंग मैनेजर कमलेश जैन ने बताया कि उच्चाधिकारियों के निर्देश पर करवर खरीद केंद्र पर पहुंचकर व्यवस्थाओं की जानकारी ली गई है। उन्होंने स्वीकार किया कि खरीदे गए माल का नियमित उठाव न होने से समस्या आ रही थी। इसके लिए संबंधित संवेदक फर्म को पाबंद किया गया है और एजेंसियों से बात कर माल उठाव की व्यवस्था करवाई गई है।