चित्तौड़गढ़ के यात्रियों को राहत देते हुए रेलवे ने मदार से मडगांव के बीच 3 मई को एक तरफा ट्रेन चलाने का फैसला किया है। ट्रेन मदार जंक्शन से शाम 7:55 बजे रवाना होकर करीब 32 घंटे 45 मिनट में मडगांव पहुंचेगी। चित्तौड़गढ़ से गोवा तक लगभग 29 घंटे का सफर रहेगा, जिससे जिले के यात्रियों को पहली बार सीधा विकल्प मिलेगा। यह स्पेशल ट्रेन राजस्थान, मध्य प्रदेश, गुजरात, महाराष्ट्र और गोवा, इन पांच राज्यों को आपस में जोड़ेगी। बता दे कि आजतक चित्तौड़गढ़ से गोवा के लिए कोई भी ट्रेन नहीं है। ट्रेन में चित्तौड़गढ़ से गोवा का होगा लगभग 29 घंटे सफर उत्तर पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसम्पर्क अधिकारी अमित सुदर्शन के अनुसार गाड़ी संख्या 09607 मदार-मडगांव एक तरफा स्पेशल रेलसेवा 3 मई, रविवार को चलाई जाएगी। यह ट्रेन मदार जंक्शन (अजमेर) से शाम 7 बजकर 55 मिनट पर रवाना होगी और करीब 32 घंटे 45 मिनट का लंबा सफर तय करते हुए तीसरे दिन सुबह 4 बजकर 40 मिनट पर मडगांव पहुंचेगी। यह ट्रेन लगभग 1751 किलोमीटर की दूरी तय करेगी, जो इसे लंबी दूरी की जरूरी स्पेशल ट्रेनों में शामिल करती है। इस ट्रेन से चित्तौड़गढ़ से गोवा तक लगभग 29 घंटे में पहुंच सकते है। इन प्रमुख स्टेशनों पर होगा ठहराव यह स्पेशल ट्रेन अपने सफर के दौरान कई अहम स्टेशनों पर रुकेगी। इसमें अजमेर, बिजयनगर, भीलवाड़ा, चित्तौड़गढ़, नीमच, मंदसौर, रतलाम, वडोदरा, भरूच, सूरत, वापी, वसई रोड, पनवेल, रोहा, मानगांव, खेड, चिपलुन, संगमेश्वर, रत्नागिरी, राजापुर रोड, वैभववाड़ी रोड, कणकवली, कुडाल, सावंतवाड़ी रोड, थिविम और करमली जैसे स्टेशन शामिल हैं। इन स्टेशनों पर ठहराव से अलग-अलग क्षेत्रों के यात्रियों को इस ट्रेन का लाभ मिलेगा। चित्तौड़गढ़ में देर रात पहुंचेगी ट्रेन यह ट्रेन रात 11 बजकर 25 मिनट पर चित्तौड़गढ़ स्टेशन पहुंचेगी और यहां 5 मिनट रुकने के बाद रात 11 बजकर 30 मिनट पर आगे के लिए रवाना हो जाएगी। इस ठहराव से जिले के यात्रियों को देर रात भी यात्रा का विकल्प मिलेगा, खासकर उन लोगों के लिए जो गोवा या बीच के राज्यों में सफर करना चाहते हैं। कुल 22 कोच होंगे, लिनन की नहीं होगी सुविधा इस स्पेशल ट्रेन में कुल 22 कोच लगाए जाएंगे, जिनमें 2 सेकंड एसी, 6 थर्ड एसी, 1 थर्ड एसी इकोनॉमी, 7 स्लीपर (शयनयान), 4 सामान्य श्रेणी और 2 पावरकार डिब्बे शामिल हैं। हालांकि, यात्रियों को इस ट्रेन में लिनन यानी चादर और कंबल की सुविधा नहीं मिलेगी, इसलिए एसी कोच में यात्रा करने वाले यात्रियों को अपना इंतजाम खुद करना होगा। यह स्पेशल ट्रेन चित्तौड़गढ़ सहित पूरे मेवाड़ क्षेत्र के यात्रियों के लिए एक बड़ी सुविधा साबित होगी।