डीग जिले के गोपालगढ़ थाना क्षेत्र स्थित मील मदरसे में हुए सेफ्टी टैंक हादसे के बाद मामले ने नया मोड़ ले लिया है। इस हादसे में एक 16 वर्षीय छात्रा की मृत्यु हो गई थी, जबकि 12 अन्य छात्राएं घायल हुई थीं। मंगलवार को पूर्व कैबिनेट मंत्री विश्वेन्द्र सिंह ने जिला पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर एसपी कांबले शरण गोपीनाथ से घटनाक्रम की जानकारी ली। इसी दौरान मामले के नामजद आरोपी मौलवी अरशद को पुलिस ने पहाड़ी थाना के जांच अधिकारी के समक्ष पेश किया। आरोपी से कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर पूछताछ की जा रही है। पुलिस ने बताया कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। 'मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच हो' एसपी कार्यालय पहुंचने के बाद पूर्व कैबिनेट मंत्री विश्वेन्द्र सिंह ने कहा कि उनका उद्देश्य राजनीतिक विवाद खड़ा करना नहीं, बल्कि जिले में शांति और सामाजिक सौहार्द बनाए रखना है। उन्होंने प्रशासन से मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच कर दोषियों के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई सुनिश्चित करने की अपेक्षा जताई। जांच अधिकारी के सामने आरोपी मौलवी को पुलिस ने किया पेश एसपी कांबले शरण गोपीनाथ ने पुष्टि की कि नामजद आरोपी मौलवी अरशद को मंगलवार को जांच अधिकारी के समक्ष पेश किया गया है। आरोपी से विस्तृत पूछताछ जारी है और जांच पूरी होने के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। मामले से जुड़े सभी पहलुओं की गंभीरता से जांच की जा रही है और जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर नियमानुसार आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस किसी भी पहलू को नजरअंदाज नहीं कर रही है। हादसे के बाद लगातार बनी हुई है प्रशासन की नजर गौरतलब है कि गोपालगढ़ के मील मदरसे में सेफ्टी टैंक की सफाई के दौरान हुए हादसे में एक छात्रा की मौत हो गई थी, जबकि 12 छात्राएं घायल हो गई थीं। हादसे के बाद भरतपुर रेंज आईजी डॉ. प्रीति चंद्रा, जिला कलेक्टर मयंक मनीष और एसपी कांबले शरण गोपीनाथ ने घटनास्थल का निरीक्षण किया था। जिला प्रशासन ने मामले की जांच के लिए पांच सदस्यीय समिति का गठन भी किया है, जबकि पुलिस अलग से पूरे प्रकरण की जांच कर रही है।