डीग शहर के घंटाघर क्षेत्र निवासी 45 वर्षीय इन्वर्टर व्यापारी प्रदीप कुमार गुप्ता उर्फ सोनू 22 अप्रैल को सुबह करीब 8:30 बजे घर से लापता हो गए। बाजार जाने की बात कहकर निकले प्रदीप का अब तक कोई सुराग नहीं लगा है। मामले में एक नया मोड़ तब आया जब प्रदीप की दुकान में एक लेटर मिला। उनकी पत्नी पूजा रानी ने कोतवाली डीग में इसकी रिपोर्ट दर्ज कराई है। इस नोट में प्रदीप गुप्ता ने 5 लोगों पर पैसों के लिए परेशान करने का आरोप लगाया है। नोट के अनुसार केदारनाथ सोनी, धर्मवीर सिंह फौजी, बच्चू सिंह कैप्टन, ठाकुर मानपाल जादौन और बाबूलाल उन्हें लगातार परेशान कर रहे थे। परिवार कर रहा घर लौटने का इंतजार इस लेटर में यह भी लिखा है कि कर्ज चुकाने में असमर्थ होने के कारण वे मानसिक रूप से तनावग्रस्त है और आत्महत्या जैसा कदम उठा सकते हैं। नोट में इन लोगों को इस संभावित कदम के लिए जिम्मेदार ठहराया गया है। प्रदीप के पिता बृज किशोर ने बताया कि प्रदीप के 3 बच्चे है, जिनमे 2 बेटियां और 1 बेटा हैं। परिवार उनके सुरक्षित लौटने की उम्मीद कर रहा है। परिजनों के अनुसार, पुलिस मामले की जांच कर रही है, लेकिन अब तक कोई ठोस सुराग नहीं मिला है। प्रदीप के पिता ने बताया कि पुलिस ने उन्हें भी तलाश करने को कहा है, जबकि वे स्वयं भी अपने स्तर पर खोजबीन कर रहे हैं। हालांकि, प्रदीप का अभी तक कोई पता नहीं चल पाया है। मोबाइल फोन भी घर पर ही मिला है, जिससे उनकी लोकेशन ट्रेस करना मुश्किल हो गया है।