18 साल से अवैध शराब तस्करी के मामले में फरार चल रहे बदमाश को अजमेर जिले की बांदरसिंदरी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। पुलिस की टीम मजदूर बनकर दिल्ली में स्थित आरोपी के फार्म हाउस में घुसी। आरोपी का भाई दिल्ली में विधानसभा का चुनाव भी लड़ चुका है। गिरफ्तारी के समय उन्होंने अपने समर्थकों के साथ विरोध भी जताया। किशनगढ़ रुरल सीओ आयुष वशिष्ठ ने बताया- 2 जनवरी 2009 को बांदरसिंदरी पुलिस ने एक ट्रक से 856 पेटी अवैध शराब बरामद की थी। पुलिस की कार्रवाई के समय ट्रक का ड्राइवर और खलासी अंधेरे का फायदा उठाकर भागने में कामयाब हो गए। ट्रक के नंबरों के आधार पर जब मालिक का पता लगाया को उसकी पहचान दिनेश सिंह उर्फ दिनेश कुमार (52) निवासी छांवला, द्वारका (नई दिल्ली) के रूप में हुई। भाई दिल्ली विधानसभा का लड़ चुका है चुनाव पुलिस ने बताया-इस पर पुलिस की टीम कई बार दिल्ली में उसके गांव छांवला पहुंची। मगर आरोपी का भाई दिल्ली में एक राष्ट्रीय पार्टी का ब्लॉक अध्यक्ष होने के साथ पार्टी के टिकट पर विधानसभा चुनाव लड़ चुका था। ऐसे में गांव में उसका काफी रुतबा था। इस वजह से ग्रामीण दिनेश को लेकर पुलिस को कोई जानकारी देने से बचते थे। पुलिस ने आरोपी के गांव में तैयार किए मुखबिर सीओ ने बताया- आरोपी को पकड़ने के लिए पुलिस टीम ने कुछ महीने पहले छांवला में अपने मुखबिर तैयार किए। इस पर टीम को इनपुट मिला कि आरोपी दिनेश अपने गांव छांवला स्थित एक फार्म हाउस में छिपा हुआ है। जहां निर्माण कार्य चल रहा है। मगर मामला 18 साल पुराना था। ऐसे में आरोपी का पहचान करना पुलिस के लिए एक बड़ा चैलेंज था। टीम ने मुखबिर से आरोपी के नंबर लिए। इसके बाद उसे मजदूर बनकर वीडियो कॉल किया और उसकी पहचान की पुष्टि की। मंगलवार को बांदरसिंदरी से दिल्ली पहुंची टीम 21 अप्रैल को बांदरसिंदरी थाने से 6 लोगों की टीम नई दिल्ली के द्वारका के गांव छांवला पहुंची। इस दौरान छांवला थाने से एक टीम उनके साथ जुड़ गई। बांदरसिंदरी थाने की टीम मजदूर का भेष रखकर फार्म हाउस के अंदर पहुंची। जहां आरोपी दिनेश सिंह की रेकी शुरू की। 21 अप्रैल की सुबह 11 बजे आरोपी दिनेश सिंह फार्म हाउस पहुंचा। इस पर अंदर मौजूद टीम ने फौरन बाहर मौजूद छांवला थाने की टीम को इशारा कर दिया। जिस पर पुलिस ने फार्म हाउस के अंदर दबिश दी। पुलिस के आने की भनक लगते ही आरोपी दिनेश सिंह ने खुद को मजदूरों के बीच छिपाने की कोशिश की। मगर बांदरसिंदरी थाने की टीम पहले से ही अंदर मजदूरों के भेष में मौजूद थी। जिससे आरोपी सफल नहीं हो सका। पुलिस के आने की भनक लगते की समर्थकों के साथ पहुंचा भाई दिनेश सिंह को पकड़ने की खबर मिलने ही उसका भाई अपने 50 से 60 समर्थकों के साथ फार्म हाउस पहुंचा और पुलिस की कार्रवाई का विरोध किया। मगर टीम ने सूझबूझ के साथ आरोपी को हिरासत में ले लिया। इसके बाद उसे छांवला थाना लेकर पहुंचे। इस दौरान भी आरोपी का भाई अपने समर्थकों के साथ थाने पहुंचा और विरोध किया। 22 अप्रैल को टीम दिनेश सिंह को सुरक्षित बांदरसिंदरी थाने लेकर पहुंची। जहां पूछताछ के बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपी को 2 दिन के रिमांड पर लिया बांदरसिंदरी थाना अधिकारी दयाराम चौधरी ने बताया- आरोपी को गिरफ्तार करने के बाद फौरन कोर्ट में पेश किया गया। जहां से पुलिस ने उसे दो दिन के रिमांड पर लिया है। मामले को लेकर आरोपी से पूछताछ की जा रही है। …. यह खबर भी पढ़ें पटाखा फैक्ट्री में 7 लोग जिंदा जले थे, मालिक-मैनेजर गिरफ्तार:प्लॉट मालिक के घर पहुंची पुलिस, एक आरोपी भिवाड़ी DST के हेड कॉन्स्टेबल का भाई राजस्थान के भिवाड़ी के अवैध पटाखा फैक्ट्री के मालिक हेमंत कुमार शर्मा और मैनेजर अभिनंदन को गिरफ्तार कर लिया गया है। हेमंत भिवाड़ी पुलिस की DST टीम में तैनात हेड कॉन्स्टेबल योगेश कुमार शर्मा का भाई है। (पढ़ें पूरी खबर)