धौलपुर जिले में सैपऊ क्षेत्र के कैथरी हनुमानगढ़ी आश्रम में मंगलवार को महंत शांतिदास महाराज के सानिध्य में श्रीमद्भागवत कथा का भव्य शुभारंभ हुआ। कथा के पहले दिन आचार्य सत्यदेव महाराज ने श्रीमद्भागवत के महात्म्य, ज्ञान, वैराग्य और भक्ति के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। कथा का शुभारंभ कलश यात्रा से हुआ। इसमें कथा परीक्षित देवेश शर्मा ने श्रीमद्भागवत महापुराण को सिर पर धारण कर ग्रामीणों के साथ भक्तिमय वातावरण में गांव का भ्रमण किया। यात्रा के दौरान ग्रामीणों ने जगह-जगह आचार्य सत्यदेव महाराज का स्वागत किया और श्रद्धालुओं व कलश धारण किए युवतियों के लिए जलपान की व्यवस्था की। कलश यात्रा के उपरांत कथा का विधिवत शुभारंभ हुआ। आचार्य सत्यदेव महाराज ने आत्मदेव ब्राह्मण और उनके पुत्र धुंधकारी की कथा के माध्यम से ज्ञान और वैराग्य का महत्व समझाया। उन्होंने बताया कि श्रीमद्भागवत कथा का श्रवण मनुष्य को भयमुक्त बनाता है। गुरु पूर्णिमा पर होगा विशाल भंडारा इस अवसर पर सत्यवीर शर्मा, पूर्व सरपंच सतीश परमार, विनीत शर्मा, अनिल शर्मा, प्रो. सतीश शर्मा, रामप्रकाश शर्मा, धर्मेंद्र शर्मा, विनोद परमार, शिवराम दास, राधेश्याम परमार, विजय कुमार, भगवान दास, सत्यप्रकाश परमार, शिवदीन परमार, दुर्ग सिंह परमार सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे। महंत शांतिदास महाराज ने बताया कि कथा का समापन 28 जुलाई को होगा। इसके अगले दिन 29 जुलाई को गुरु पूर्णिमा के अवसर पर विशाल भंडारे का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान श्रद्धालुओं को गुरु दीक्षा भी प्रदान की जाएगी।