डूंगरपुर शहर में शुक्रवार रात करीब डेढ़ घंटे हुई तेज बारिश ने सीवरेज लाइन निर्माण की गुणवत्ता पर सवाल खड़े कर दिए। भोईवाड़ा मोहल्ले में 15 दिन पहले सीवरेज पाइपलाइन बिछाने के बाद केवल मिट्टी से भरी गई सड़कें बारिश में बह गईं और कई स्थानों पर 2 से 3 फीट गहरे गड्ढे बन गए। गड्ढों में बाइक, स्कूटी, ऑटो और कारें फंस गईं, जिससे लोगों को चोटें आईं। स्थानीय लोगों ने ठेकेदार की लापरवाही का आरोप लगाते हुए सड़क की तत्काल मरम्मत की मांग की है। बारिश में धंस गई सड़क, जगह-जगह बने गहरे गड्ढे भोईवाड़ा मोहल्ले से कोतवाली जाने वाले मुख्य मार्ग सहित कॉलोनी की कई सड़कें तेज बारिश के बाद उखड़ गईं। सड़कों पर 2 से 3 फीट तक गहरे गड्ढे बन गए और कई जगह पत्थर बाहर निकल आए। बारिश का पानी भर जाने से लोगों को गड्ढों का अंदाजा नहीं लग पाया और कई वाहन उनमें फंस गए। 15 दिन पहले हुआ था सीवरेज लाइन का काम स्थानीय निवासी विजय कुमार भोई, गोपाल प्रजापत और सतीश जैन ने बताया कि करीब 15 दिन पहले आरयूआईडीपी की ओर से सीवरेज लाइन बिछाने के लिए सड़क की खुदाई कराई गई थी। आरोप है कि पाइपलाइन डालने के बाद सड़क को दोबारा मजबूत तरीके से बनाने के बजाय केवल मिट्टी भर दी गई। शुक्रवार रात हुई तेज बारिश में यही मिट्टी बह गई और सड़क धंस गई। बाइक-स्कूटी गिरीं, ऑटो और कार भी फंसी बारिश के दौरान सड़क पर पानी भरने और तेज बहाव के कारण कई बाइक और स्कूटी गड्ढों में गिर गईं। एक ऑटो और कार भी सड़क धंसने से फंस गई। स्थानीय लोगों ने रात में ही मिलकर वाहनों को बाहर निकाला। हादसों में कुछ लोगों को चोटें भी आईं। आवाजाही ठप, बच्चे स्कूल नहीं जा सके सड़कें टूटने और गहरे गड्ढे बनने से कॉलोनी के लोगों की आवाजाही प्रभावित हो गई है। घरों के बाहर गड्ढे होने से लोगों का निकलना मुश्किल हो गया है और हर समय हादसे का डर बना हुआ है। लोगों ने बताया कि सड़क खराब होने के कारण शुक्रवार को स्कूल वाहन कॉलोनी के अंदर तक नहीं पहुंच सके, जिससे कई बच्चे स्कूल नहीं जा पाए। प्रशासन से तत्काल मरम्मत की मांग स्थानीय लोगों ने प्रशासन से क्षतिग्रस्त सड़कों की जल्द मरम्मत कराने और सीवरेज कार्य की गुणवत्ता की जांच कराने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि समय रहते सड़कें ठीक नहीं कराई गईं तो भविष्य में बड़ा हादसा हो सकता है।