डीडवाना-कुचामन जिले में ग्राम विकास रथ अभियान संचालित किया जा रहा है। इसी कड़ी में लाडनूं विधानसभा क्षेत्र की ग्राम पंचायत सुदरासन के ग्राम क्यामसर में ग्रामीणों को विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी गई। इस दौरान ग्राम क्यामसर निवासी सोहनराम पुत्र खेमाराम खोखर ने तारबंदी योजना से मिले लाभ का अपना अनुभव साझा किया। 'रात में पशु खराब कर देते थे फसल' किसान सोहनराम ने बताया कि उनका खेत घर से दूर होने के कारण आवारा पशुओं से फसल को बचाना एक बड़ी चुनौती थी। खेत की रखवाली के लिए परिवार के एक सदस्य को दिन-रात वहीं रहना पड़ता था। कई बार रात में नींद आने पर पशु पूरी फसल खराब कर देते थे, जिससे काफी नुकसान होता था। तारबंदी योजना की जानकारी जुटाई उन्होंने कृषि पर्यवेक्षक से तारबंदी योजना की जानकारी ली और ऑनलाइन आवेदन किया। प्रशासनिक स्वीकृति मिलने के बाद कृषि विभाग के निर्देशों के अनुसार खेत में नई जालीयुक्त तारबंदी करवाई गई। भौतिक सत्यापन और बिल-वाउचर की प्रक्रिया पूरी होने के बाद अनुदान राशि सीधे डीबीटी के माध्यम से उनके बैंक खाते में जमा हो गई। तारबंदी के बाद खेत पूरी तरह सुरक्षित सोहनराम ने बताया कि अब उनका खेत पूरी तरह सुरक्षित है। परिवार के सभी सदस्य अपने-अपने कार्यों पर ध्यान दे पा रहे हैं। अब फसल की रखवाली के लिए रातभर खेत पर रहने की आवश्यकता नहीं पड़ती है। लाभार्थी सोहनराम ने राज्य सरकार का आभार व्यक्त किया। उन्होंने अन्य ग्रामीणों से भी जनकल्याणकारी योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाने की अपील की।