हिण्डोली थाना क्षेत्र में दो नाबालिग बालिकाओं का बाल विवाह रुकवाया गया। 1098 चाइल्ड हेल्पलाइन पर सूचना मिलने के बाद प्रशासन, पुलिस और चाइल्ड हेल्पलाइन टीम ने 21 अप्रैल को प्रस्तावित इस विवाह को रोका। बालिकाओं की उम्र 15 और 16 वर्ष थी। कार्रवाई के दौरान चाइल्ड हेल्पलाइन टीम की अर्चना मीणा और पिंकी राठौर, पटवारी अजय कुमार तथा आईएलआर बंटी मीणा ने आवश्यक तथ्य और साक्ष्य जुटाए। हिण्डोली थाने से चौकी इंचार्ज एएसआई इंद्र कुमार ने टीम के साथ मौके का निरीक्षण किया, जहां बाल विवाह की तैयारियां पाई गईं। टीम ने मौके से पर्याप्त दस्तावेज और साक्ष्य संकलित किए। बालिकाओं के सर्वोत्तम हित, सुरक्षा और संरक्षण को ध्यान में रखते हुए, उन्हें पुलिस के माध्यम से बाल कल्याण समिति के आदेशानुसार शेल्टर होम में सुरक्षित आश्रय दिलवाया जाएगा। इससे उनकी काउंसलिंग, सुरक्षा, शिक्षा और पुनर्वास की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जा सकेगी। इस प्रकरण की संपूर्ण पत्रावली संकलित कर संबंधित न्यायालय से निषेधाज्ञा जारी करवाने हेतु प्रस्तावित की जा रही है। इसका उद्देश्य भविष्य में बाल विवाह कराने के किसी भी प्रयास को कानूनी रूप से प्रभावी ढंग से रोकना है। जिला प्रशासन, पुलिस विभाग, चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 और बाल संरक्षण तंत्र ने आमजन से अपील की है कि बाल विवाह जैसी सामाजिक कुप्रथा की सूचना तत्काल साझा करें। इससे समय रहते प्रभावी हस्तक्षेप कर बच्चों के अधिकारों और भविष्य की रक्षा की जा सकेगी।