अमेरिकी नागरिकों से जयपुर में बैठकर करोड़ों रुपए का ऑनलाइन फ्रॉड करने वाले गिरोह का मंगलवार को पुलिस ने खुलासा किया है। भांकरोटा इलाके में साइबर फ्रॉड गैंग के खोले फेक टेक्निकल सपोर्ट कॉल सेंटर पर पुलिस ने रेड डाली। पुलिस ने मामले में 2 युवतियों सहित 10 जनों को अरेस्ट किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 19 मोबाइल व 12 लेपटॉप बरामद किए है। पुलिस फिलहाल गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर रही है। स्पेशल पुलिस कमिश्नर ओमप्रकाश ने बताया- अमेरिकी नागरिकों से ठगी मामले में आरोपी हर्ष चौहान (27) निवासी झज्जर हरियाणा, कृष्ण (28) गांव बक्सा असम, आकाशी लाबा (30) निवासी दार्जिलिंग पश्चिम बंगाल, खोजा (27) निवासी मेलयूरी नागालैंड, केवी (24) निवासी मेलयूरी नागालैंड, निशांत (24) निवासी गुरुग्राम हरियाणा, रविंद्र कुमार (31) महेंद्रगढ़ हरियाणा, अंकित (24) निवासी झज्जर हरियाणा और दिया गुरुजी (25) दार्जिलिंग पश्चिम बंगाल व लिशीनी (25) निवासी सेनापति मणिपुर को अरेस्ट किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 19 मोबाइल, 12 लेपटॉप और भारी मात्रा में लेपटॉप एक्सेसरीज बरामद की है। संचालित हो रहा था ठगी नेटवर्क पुलिस प्रारम्भिक पूछताछ में सामने आया कि आरोपी आईफोन की तकनीकी समस्या दूर करने के नाम पर अमेरिकी नागरिकों को अपने जाल में फंसाकर उनके बैंक अकाउंट्स की गोपनीय जानकारी हासिल करते थे। इसके लिए भांकरोटा इलाके में फेक टेक्निकल सपोर्ट कॉल सेंटर बनाकर गिरोह वर्क कर रहा था। कॉल सेंटर में कार्यरत व्यक्ति X-Lite सॉफ्टवेयर एवं TFN नंबरों के माध्यम से अमेरिकी नागरिकों से संपर्क करते थे। आईफोन में तकनीकी समस्या आने पर उसका समाधान करने के नाम पर ग्राहकों को बातचीत में उलझाया जाता था तथा उनसे सहायता के नाम पर शुल्क वसूला जाता था। गिरोह में शामिल एक युवती बैंक अधिकारी बनकर ग्राहकों से बातचीत करती थी। उन्हें विश्वास में लेकर उनके बैंक खातों से संबंधित गोपनीय जानकारी हासिल करती थी। इसके बाद बैंक खातों की जानकारी टेलीग्राम ग्रुप में साझा की जाती थी। गिरोह के संचालक इन जानकारियों का दुरुपयोग कर खातों से रकम निकाल लेते थे। अमेरिकी नागरिकों को निशाना बनाकर करोड़ों रुपए की ऑनलाइन ठगी की जा रही थी। मामले में गिरोह के संचालकों, नेटवर्क तथा ठगी की रकम के संबंध में गहन जांच की जा रही है।