जयपुर ज्वेल्स फाउंडेशन की ओर से होटल हयात रीजेंसी, मानसरोवर में ‘जेजेएफ कनेक्ट’ का आयोजन किया गया। यहां संगीत और डांस के बीच व्यापारिक चर्चाएं भी हुईं। सदस्यों ने एक-दूसरे के व्यवसाय, उत्पादों और सेवाओं को समझा तथा आपसी संपर्कों को कारोबारी सहयोग में बदलने की संभावनाओं पर विचार किया। आगामी व्यापारिक सीजन को ध्यान में रखते हुए आयोजित इस कार्यक्रम में जयपुर के उद्यमियों और व्यवसायियों ने हिस्सा लिया। आयोजन की थीम ऐसी रखी गई, जिसमें सदस्य अनौपचारिक माहौल में एक-दूसरे से मिल सकें और साथ ही अपने कारोबार को आगे बढ़ाने के नए अवसर भी तलाश सकें। फाउंडेशन का उद्देश्य सामाजिक मेल-मिलाप को व्यावसायिक संबंधों से जोड़ना रहा। बिजनेस कार्ड के जरिए बढ़ाया आपसी संपर्क ‘जेजेएफ कनेक्ट’ की खासियत इसका बिजनेस नेटवर्किंग पर आधारित प्रारूप रहा। कार्यक्रम में सदस्यों के लिए फॉर्मल ड्रेस कोड रखा गया था और सभी को अपने बिजनेस विजिटिंग कार्ड साथ लाने के लिए कहा गया। सदस्यों ने एक-दूसरे के साथ कार्ड साझा किए और अपने काम के बारे में जानकारी दी।
इस दौरान कारोबारियों ने अपने उत्पादों और सेवाओं के बारे में बताया। साथ ही यह समझने का प्रयास किया कि किस तरह एक सदस्य का व्यवसाय दूसरे सदस्य के कारोबार के लिए उपयोगी हो सकता है। आपसी जरूरतों, संभावित साझेदारियों और भविष्य में सहयोग की संभावनाओं पर भी चर्चा हुई। व्यापारिक संगठनों में इस तरह के आयोजन को नेटवर्किंग का प्रभावी तरीका माना जाता है। कारोबारियों को नए संपर्क बनाने के साथ अपने व्यवसाय की जानकारी सीधे संभावित ग्राहकों और सहयोगियों तक पहुंचाने का अवसर मिलता है। जयपुर ज्वेल्स फाउंडेशन की इस पहल में भी मनोरंजन के साथ कारोबार को चर्चा का केंद्र बनाया गया। महापौर ने दिया गीले और सूखे कचरे को अलग रखने का संदेश कार्यक्रम में जयपुर के महापौर सुनील कोठारी ने भी शिरकत की। उन्होंने शहर को स्वच्छ रखने के लिए नागरिकों से घरों से निकलने वाले गीले और सूखे कचरे को अलग-अलग रखने की अपील की। उन्होंने स्वच्छता को सामूहिक जिम्मेदारी से जोड़ते हुए कचरे के उचित पृथक्करण के महत्व पर जोर दिया। शहर में स्वच्छता बनाए रखने के लिए घरों से ही कचरे को अलग करना जरूरी है। गीले कचरे का उपयोग जैविक खाद बनाने में किया जा सकता है, जबकि सूखे कचरे को उसकी प्रकृति के अनुसार पुनर्चक्रण के लिए भेजा जा सकता है। इस तरह की आदतें अपनाने से कचरे के बेहतर प्रबंधन में मदद मिलती है। फाउंडेशन के पदाधिकारी और कारोबारी रहे मौजूद जयपुर ज्वेल्स फाउंडेशन के संस्थापक अध्यक्ष हितेश भांडिया, अध्यक्ष श्रेयांश धांधिया और देवांग शाह सहित शहर के अनेक उद्यमी एवं व्यवसायी कार्यक्रम में मौजूद रहे। सदस्यों ने आपसी परिचय को मजबूत करने और भविष्य में एक-दूसरे के व्यवसाय को सहयोग देने की संभावनाओं पर चर्चा की। फाउंडेशन की इस पहल का मुख्य उद्देश्य सदस्यों के बीच पहले से मौजूद सामाजिक संपर्कों को कारोबारी रिश्तों में बदलना रहा। व्यापारिक समुदाय में विश्वास और नियमित संवाद को मजबूत करने के लिए ऐसे मंच उपयोगी साबित हो सकते हैं, जहां सदस्य एक-दूसरे के काम को करीब से समझ सकें। कार्यक्रम में खानपान को भी बिजनेस थीम के अनुरूप रखा गया। पारंपरिक पार्टी मेनू से हटकर बिजनेस हाउस में आयोजित होने वाले कॉरपोरेट आयोजनों से प्रेरित विशेष मेनू तैयार किया गया। इस तरह खाने-पीने की व्यवस्था भी कार्यक्रम की थीम का हिस्सा बनी।