जैसलमेर में मौसम लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। मंगलवार सुबह बादलों की छांव से अधिकतम तापमान में 4 डिग्री की गिरावट दर्ज की गई। जिससे आमजन को भीषण गर्मी से आंशिक राहत मिली। हालांकि, दोपहर में हवा थमने और तीखी धूप निकलने से बढ़ी उमस ने आमजन को बेहाल कर दिया। इस बीच मौसम विभाग ने आगामी 24 घंटों में जिले के कई हिस्सों में बिजली, हवा के साथ भारी बारिश का नया पूर्वानुमान जारी किया है। इस चेतावनी के बाद प्रशासन अलर्ट पर है और अच्छी मानसूनी बरसात की उम्मीदें फिर से जाग गई हैं। तापमान 40 डिग्री के पार पहुंचा सीमावर्ती जिले जैसलमेर का अधिकतम तापमान 40.6 डिग्री और न्यूनतम तापमान 29.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। सुबह के समय आसमान में घने बादल छाए रहने और ठंडी हवाएं चलने से मौसम सुहावना बना रहा, लेकिन दोपहर होते-होते अचानक करवट बदलते हुए तीखी धूप निकल आई। हवा नहीं चलने से चिपचिपी गर्मी और उमस का जोर अत्यधिक बढ़ गया। इस विकट स्थिति के चलते लोग दोपहर के समय घरों और दफ्तरों में ही रहे। दो दिनों में बारिश की संभावना गौरतलब है कि जैसलमेर में पिछले दिनों मानसून ने दस्तक तो दे दी है, लेकिन अभी तक आमजन को जैसी उम्मीद थी, वैसी बारिश नहीं हुई। अब मौसम वैज्ञानिकों द्वारा जारी नए पूर्वानुमान ने लोगों को बड़ी राहत की आस दी है। आगामी दो दिनों में बंगाल की खाड़ी से आ रही नम हवाओं के सक्रिय होने से जैसलमेर और पोकरण सहित आसपास के ग्रामीण इलाकों में तेज मानसूनी बारिश की प्रबल संभावना जताई गई है। कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि यदि पूर्वानुमान के मुताबिक झमाझम बारिश होती है, तो यह खरीफ की फसलों के लिए अमृत समान होगी और भीषण उमस से भी निजात मिल जाएगी।