झालावाड़ के एसआरजी अस्पताल में गर्भवती महिलाओं और उनके परिजनों की सुविधा के लिए 24 घंटे 'प्रसूता हेल्प डेस्क' शुरू की गई है। इस पहल का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाली प्रसूताओं को समय पर उपचार, जांच और भर्ती की सुविधा उपलब्ध कराना है। सीएमएचओ डॉ. साजिद खान ने बताया कि यह हेल्प डेस्क 24 घंटे संचालित रहेगी। इसके लिए 8003202104 मोबाइल नंबर जारी किया गया है। मेडिकल कॉलेज, सीएमएचओ कार्यालय, एम्बुलेंस, ब्लड बैंक और नर्सिंग स्टाफ को जोड़ते हुए एक समर्पित व्हाट्सएप समूह भी बनाया गया है, जिससे सूचना का त्वरित आदान-प्रदान हो सके। नई व्यवस्था के तहत जैसे ही हेल्प डेस्क को किसी गर्भवती महिला के मेडिकल कॉलेज पहुंचने की सूचना मिलती है, कंट्रोल रूम, सुरक्षा कर्मी और संबंधित मेडिकल टीम सक्रिय हो जाती है। अस्पताल पहुंचते ही प्रसूता का प्राथमिक पंजीयन, आवश्यक जांच, विशेषज्ञ डॉक्टर से परामर्श और भर्ती की प्रक्रिया प्राथमिकता के आधार पर पूरी कर उपचार शुरू कर दिया जाता है। आवश्यकता पड़ने पर ब्लड बैंक सहित अन्य जरूरी व्यवस्थाएं भी तुरंत उपलब्ध कराई जाती हैं। गर्भवती महिलाओं की सुविधा के लिए एक विशेष क्यूआर कोड भी विकसित किया गया है, जिसके माध्यम से अस्पताल की विभिन्न सेवाओं और सुविधाओं की जानकारी आसानी से प्राप्त की जा सकेगी। इस पहल के सकारात्मक परिणाम भी सामने आने लगे हैं। 19 जुलाई सुबह 8 बजे से 20 जुलाई सुबह 8 बजे तक कुल 19 प्रसूताओं को रेफर किया गया। इनमें से 14 महिलाओं को हाई रिस्क प्रेग्नेंसी (एचआरपी) श्रेणी में चिन्हित कर प्राथमिकता के साथ उपचार उपलब्ध कराया गया। जिला प्रशासन और चिकित्सा विभाग का मानना है कि 'प्रसूता हेल्प डेस्क' से गर्भवती महिलाओं को समय पर उपचार मिलेगा, परिजनों की अनावश्यक भागदौड़ कम होगी और मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में उल्लेखनीय सुधार आएगा।