करौली के मंडरायल ब्लॉक स्थित राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय भांकरी के प्रिंसिपल को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। यह नोटिस स्कूल में भामाशाहों के सहयोग से बने 2 नए कक्षा-कक्षों के उद्घाटन कार्यक्रम में विधायक को आमंत्रित नहीं करने के मामले में दिया गया है। मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी (सीडीईओ) सर्वेश कुमार गुप्ता ने यह कार्रवाई की है। सीडीईओ कार्यालय से जारी नोटिस में बताया गया है कि 15 जुलाई को हुए उद्घाटन कार्यक्रम में पूर्व विधायक को मुख्य अतिथि के रूप में बुलाया गया, लेकिन क्षेत्र के वर्तमान विधायक को आमंत्रित नहीं किया गया। शिक्षा विभाग ने प्रोटोकॉल उल्लंघन पर मांगा स्पष्टीकरण विभाग ने इसे राजकीय प्रोटोकॉल का उल्लंघन माना है। प्रिंसिपल को व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होकर स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया गया है। नोटिस में यह भी कहा गया है कि कार्यक्रम की पूर्व सूचना सीडीईओ कार्यालय को नहीं दी गई थी। संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। ग्रामीणों ने चंदा इकट्ठा बनवाए है 2 क्लासरूम इस मामले पर मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी मुकेश मीणा ने जानकारी दी कि विद्यालय के कक्षा-कक्ष ग्रामीणों ने चंदा इकट्ठा कर बनवाए थे। उद्घाटन कार्यक्रम भी ग्रामीणों ने ही अपने स्तर पर आयोजित किया था, जिसमें पूर्व मंत्री रमेश मीणा को आमंत्रित किया गया था। उनके अनुसार, यह कार्यक्रम सरकारी नहीं था, इसलिए इस पर राजकीय प्रोटोकॉल लागू नहीं होता। प्रिंसिपल ने कहा- उच्च अधिकारियों को दे दी थी जानकारी प्रिंसिपल मुनेश मीना ने अपनी सफाई में कहा कि कार्यक्रम की जानकारी उच्च अधिकारियों को पहले ही दे दी गई थी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उद्घाटन समारोह में उनकी कोई भूमिका नहीं थी और वे उस समय स्कूल में नियमित शैक्षणिक गतिविधियों में व्यस्त थे। प्रिंसिपल के अनुसार भामाशाहों के सहयोग से बने कक्षा-कक्षों के उद्घाटन का निर्णय ग्रामीणों ने खुद लिया था और इसके लिए विद्यालय प्रशासन से कोई अनुमति नहीं ली गई थी।