सीकर शहर में ट्रैफिक जाम की समस्या से राहत दिलाने के लिए नगर परिषद ने डिपो तिराहे से रीको तिराहे तक सड़क को चौड़ा करने की तैयारी की है। इसके तहत डिपो तिराहे से लेकर रीको तिराहे तक की सड़क को 100 फीट चौड़ा करने प्रस्ताव है। नगर परिषद ने इसके लिए पब्लिक नोटिस भी जारी कर दिए हैं। नगर परिषद के इस फैसले का स्थानीय व्यापारियों में विरोध बढ़ रहा है। नगर परिषद के इस फैसले का विरोध करने के लिए जयपुर रोड के प्रभावित व्यापारी बड़ी संख्या में नगर परिषद कार्यालय शुक्रवार को पहुंचे। व्यापारियों ने कहा- यदि सड़क को 100 फीट चौड़ा किया गया तो उनकी दुकानें और व्यापारिक प्रतिष्ठान पूरी तरह खत्म हो जाएंगे। इससे सालों से यहां व्यापार कर रहे सैकड़ों दुकानदारों के सामने रोजी-रोटी का गंभीर संकट खड़ा हो जाएगा। व्यापारियों ने परिषद के सामने अपनी मांग रखते हुए सड़क को 100 फीट के बजाय 80 फीट ही करने की मांग की है। सड़क के दोनों तरफ 50-50 फीट चौड़ा करने का प्रस्ताव नगर परिषद सड़क के केंद्र (सेंटर पॉइंट) से दोनों तरफ 50-50 फीट चौड़ाईकरण का प्रस्ताव लिया है। व्यापारियों की मांग है कि इसे घटाकर सेंटर पॉइंट से दोनों तरफ 40-40 फीट किया जाए, ताकि उनका नुकसान कम से कम हो। नगर परिषद कमिश्नर शशिकांत शर्मा ने व्यापारियों से कहा- शहर के विकास और ट्रैफिक व्यवस्था को दुरुस्त करना जरूरी है। डिपो तिराहे से रीको तिराहे तक आए दिन लगने वाले भीषण ट्रैफिक जाम से जनता परेशान है। इस समस्या को स्थाई रूप से खत्म करने के लिए सड़क का चौड़ाईकरण जरूरी है और इसके लिए अतिक्रमण को हटाया जाएगा। 5 सदस्यों की बनेगी कमेटी व्यापारियों के विरोध को देखते हुए कमिश्नर शशिकांत शर्मा ने कहा- इस मामले के शांतिपूर्ण समाधान के लिए संयुक्त 5 सदस्यीय कमेटी का गठन किया जाएगा। इस कमेटी में नगर परिषद के अधिकारियों के साथ-साथ व्यापारियों के प्रतिनिधि भी शामिल होंगे। यह कमेटी मौके का मुआयना करेगी और दोनों पक्षों के हितों को ध्यान में रखते हुए रिपोर्ट सौंपेगी। रिपोर्ट के आधार पर ही सड़क चौड़ाईकरण की सीमा तय की जाएगी। ज्ञापन देने वालों में व्यापार मंडल अध्यक्ष प्रदीप पारीक महावीर चौधरी, सुनील सैनी, राधेश्याम टांक, रमेश सोनी, महावीर गोरा, नंदलाल शर्मा, मालीराम पारीक सुभाष खीचड़, बबलू कुमावत आदि शामिल थे।