कोटा ग्रामीण पुलिस ने कोटा झालावाड़ हाईवे NH -52 पर शनिवार सुबह नाकाबंदी के दौरान एक कार से करीब 46.5 लाख रुपए नकद बरामद किए हैं। पूछताछ में गाड़ी में सवार दो युवक रकम के बारे में कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे सके। जिसके बाद पुलिस ने नकदी समेत इस गाड़ी को जब्त कर लिया है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है, जिसमें नकदी के स्रोत का पता लगाया जा रहा है। पुलिस ने आगे की कार्रवाई के लिए इनकम टैक्स डिपार्टमेंट और जीएसटी डिपार्टमेंट को सूचना दी है। कार सवार दो युवक यूपी के रहने वाले हैं, जो एमपी नंबर की कार से कोटा की तरफ आ रहे थे। पूछताछ में दोनों ने खुद को टोल कंपनी का कर्मचारी होना बताया है। नाकाबंदी के दौरान रुकवाया तो ड्राइवर ने भगाने की कोशिश की कनवास थाना SI सुरेश शर्मा ने बताया कि अवैध मादक पदार्थ तस्करी रोकथाम के लिए NH -52, कनवास तिराहा मोरुकला पर नाकाबंदी की हुई थी। सुबह के वक्त झालावाड की तरफ से एमपी नंबर की डिजायर कार आती हुई दिखाई दी। जिसे रुकवाया गया तो ड्राइवर ने भगाने की कोशिश की। कार में दो युवक बैठे थे। पूछताछ में एक ने अपना नाम शैलेंद्र शर्मा (27) निवासी चंद्रसोरा थाना जगनेर जिला आगरा व दूसरे ने अभयराज सिंह (21) निवासी चौकरी थाना सकरार जिला झांसी, यूपी होना बताया। तलाशी में कार में नोटों से भरे बैग मिले। जिनमें नकदी रखी हुई थी। जिन्हें गिना गया तो 500 के 7250, नोट, 200 के 3000 नोट, 100 के 4503, 50 के 51 व 10 रुपए का 1 नोट कुल 46 लाख 77 हजार 860 रुपए मिले। संतोषजनक जवाब नहीं दे पाए तो रकम की जब्त पूछताछ में युवकों ने बताया कि उनकी कंपनी के एमपी के बैतूल में दो टोल है। कंपनी का हेड ऑफिस पंजाब में है। कलेक्शन का पैसा कंपनी से आ रहे व्यक्ति को देने दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे मंडाना के पास गोपालपुरा इंटरचेंज पर जा रहे हैं। दोनों युवकों के पास गाड़ी के डॉक्यूमेंट्स भी नहीं थे और ना ही इतनी बड़ी रकम के बारें में सही से जवाब दे सके। इस पर धारा 106 भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 के तहत नकदी को जब्त किया गया। कार को जब्त कर दोनों को गिरफ्तार किया। जब्त रकम कार्रवाई की सूचना आयकर विभाग व जीएसटी विभाग को दी है। मामले की जांच की जा रही है।