नहरी पानी की मांग कर रहे किसानों के लिए बड़ी राहत की खबर है। लोकसभा स्पीकर ओम बिरला की पहल पर मध्य प्रदेश सरकार कोटा बूंदी के किसानों के लिए सिंचाई का पानी छोड़ेगी। संभवतया यह पानी शुक्रवार शाम से उपलब्ध होना शुरू हो जाएगा। इससे धान सहित अन्य खरीफ फसलों को फायदा होगा। दरअसर, गुरुवार को बूंदी और केशवरायपाटन क्षेत्र के किसान लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से मिले थे। किसानों ने नहरों में पर्याप्त पानी नहीं मिलने के कारण फसलों के सूखने और भारी नुकसान की आशंका जताई थी। किसानों की समस्या को गंभीरता से लेते हुए ओम बिरला ने राजस्थान के जल संसाधन विभाग के साथ मध्यप्रदेश सरकार के संबंधित अधिकारियों से बातचीत कर समाधान का रास्ता निकाला। किसानों को राहत मिलेगी ओम बिरला के प्रयासों के बाद मध्यप्रदेश सरकार ने गांधी सागर बांध से सिंचाई के लिए पानी छोड़ने पर सहमति दी। इससे बूंदी और केशवरायपाटन क्षेत्र के हजारों किसानों को राहत मिलेगी।। उनकी फसलों को समय पर सिंचाई का पानी उपलब्ध हो सकेगा। 6 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा जाएगा सीएडी अधिकारियों ने बताया की गांधी सागर से 6000 क्यूसेक पानी छोड़ा जाएगा। शुरुआत 200 से 300 क्यूसेक से होगी। जिसे धीरे धीरे बढ़ाया जाएगा। नहरी पानी से कोटा बूंदी के दायी मुख्य नहर व बायी मुख्य नहर से जुड़े 2.29 लाख हेक्टेयर कमांड क्षेत्र को फायदा मिलेगा।