मुंबई में एक्टर टाइगर श्रॉफ पर फायरिंग करने वालों के निशाने पर जुहू में रहने वाले बॉलीवुड के सेलिब्रिटी थे। बदमाशों का टारगेट फिक्स नहीं था। हालांकि सामने आया है कि उनकी जुहू में रहने वाले सितारों पर नजर थी। बदमाशों को एक ऑटो ड्राइवर के जरिए ही टाइगर श्रॉप के नरसी पार्क में फुटबॉल खेलने के आने का पता चला था। टारगेट सेट होने पर मास्टरमाइंड अनिल पंडित ने हथियारों का एक वीडियो बनाकर अपने गुर्गों को भेजा था। वीडियो के जरिए पंडित ने हथियारों की लोकेशन को बताया था। वारदात के पीछे की कहानी पढ़िए- टाइगर के अलावा बॉलीवुड का कोई भी सेलिब्रिटी हो सकता था टारगेट टाइगर श्रॉफ पर फायरिंग करने के तीनों आरोपियों ऋतिक,फूल सिंह और रेहान को महाराष्ट्र पुलिस कोटा से लेकर जा चुकी है। प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया कि बदमाश वारदात से कई दिनों पहले ही मुंबई पहुंच गए थे। वे यहां अलग-अलग होटल में रुके और मुंबई में घूमकर रैकी की। मास्टर माइंड अनिल पंडित अपने गुर्गे रेहान को खर्चे के लिए ऑनलाइन पैसे ट्रांसफर करता था। बदमाशों का टारगेट फिक्स नहीं था। वे दहशत फैलाने के इरादे से सेलिब्रिटी को टारगेट करने आए थे। मुंबई में घूमने के दौरान एक ऑटो ड्राइवर से बात की। उससे कहा कि वे सेलिब्रिटी के साथ फोटो खिंचवाना चाहते हैं। सेलिब्रिटी किस जगह मिल सकते हैं। ऑटो ड्राइवर ने कई सिलेब्रटियों के क्लब, होटल में जाने के बारे में बताया। हर रविवार टाइगर श्रॉफ का पार्क में फुटबॉल खेलने आने के बारे में भी बताया। तब बदमाशों ने टाइगर श्रॉप को निशाना बनाना फिक्स किया। बदमाशों ने वारदात से एक सप्ताह पहले रविवार को पार्क में जाकर टाइगर श्रॉफ की रैकी की। अनिल पंडित ने हथियारों का वीडियो बनाकर भेजा था बदमाशों ने अपना टारगेट फिक्स कर अनिल पंडित को बताया था। तब अनिल पंडित ने वारदात से दो दिन पहले उन तक हथियारों को पहुंचाया था। हथियार कहां रखे हैं, इसका एक वीडियो बनाकर भी रेहान के मोबाइल पर शेयर किया था। बदमाशों ने वीडियो के जरिए हथियारों को शुक्रवार (16 अक्टूबर) को कलेक्ट किया था। वारदात से पहले दो दिन तक अपने पास पिस्टल रखी थी। मुंबई में रेपिडो ड्राइवर को लालच देकर प्लान में शामिल किया पुलिस सूत्रों ने बताया कि मुंबई में रहने के दौरान रेहान और फूल सिंह की रेपिडो ड्राइवर ऋतिक से मुलाकात हुई थी। दोनों ऋतिक की बाइक पर बैठकर जुहू इलाके में रैकी करते थे। उसी दौरान रेहान ने ऋतिक को विदेश में नौकरी का लालच देकर अपने प्लान में शामिल कर लिया। वारदात वाले दिन ऋतिक के साथ उसकी बाइक पर ही दोनों घटना स्थल पर पहुंचे थे। फायरिंग के बाद तीनों बाइक पर ही अंधेरी की तरफ भागे थे। अंधेरी में बाइक खड़ी कर लोकल ट्रेन में सवार होकर अगले स्टेशन पहुंचे थे। वहां से टैक्सी से सूरत पहुंचे थे। दो आरोपियों का मोबाइल मिला, एक ने फेंका बदमाश सूरत से पुणे-जयपुर ट्रेन के जनरल कोच में बैठ गए थे। सोमवार सुबह 10.18 बजे के आस-पास ट्रेन कोटा स्टेशन आते ही पुलिस ने आरोपियों को दबोच लिया था। कोटा पुलिस को बदमाशों के पास से एक बैग मिला, जिसमें तीनों के एक-एक जोड़ी कपड़े और दो मोबाइल फोन थे। रेहान ने बीच रास्ते में ही अपना फोन फेंक दिया था, ऐसा सामने आ रहा है। महाराष्ट्र पुलिस पुलिस ने तीनों आरोपियों को ट्रांजिट डिमांड कर लिया है। --- ये खबर भी पढ़िए- टाइगर श्रॉफ पर फायरिंग, मुंबई पुलिस आरोपियों को लेकर रवाना:आगे-पीछे पुलिस की एस्कॉर्ट गाड़ियां, जवानों से भरी बस समेत 5-7 गाड़ियां काफिले में शामिल रही टाइगर पर फायरिंग का कॉन्ट्रैक्ट सिर्फ ₹35 हजार में दिया:विदेश भेजने का भी लालच; हमलावर बिना टिकट ट्रेन में चढ़े, कोटा में पकड़े गए कोटा में टाइगर पर फायरिंग करने वालों को कैसे पहचाना:एक घंटे में बना था उन्हें पकड़ने का प्लान; एक पुलिसवाला उनके पास बैठा, और फिर?