पंचायतीराज चुनाव-2026 को लेकर नागौर जिले में चुनावी सरगर्मियां तेज हो गई हैं। मंगलवार को जिला परिषद और पहले चरण की पंचायत समितियों के लिए नामांकन का अंतिम दिन रहा। प्रत्याशी समर्थकों के साथ जिला कलेक्टर कार्यालय पहुंचे। कलेक्ट्रेट के बाहर दिनभर चुनावी गहमागहमी रही। भाजपा, कांग्रेस और राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (RLP) के प्रत्याशियों के साथ निर्दलीय उम्मीदवारों ने भी नामांकन दाखिल किए। जिला परिषद के 37 वार्डों के लिए कुल 218 नामांकन आवेदन प्राप्त हुए हैं। वार्ड नंबर 28 में सबसे कम 2 आवेदन जमा हुए, जबकि वार्ड नंबर 6 और 9 में सबसे ज्यादा 11-11 आवेदन प्राप्त हुए हैं। भाजपा ने 35, कांग्रेस-RLP ने सभी 37 वार्डों में उतारे प्रत्याशी जिला परिषद चुनाव में भाजपा ने 35 प्रत्याशियों को टिकट दिए हैं। वहीं, कांग्रेस और राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी ने सभी 37 वार्डों में अपने उम्मीदवार उतारे हैं। आम आदमी पार्टी और सीपीआईएम ने एक-एक वार्ड में, जबकि बहुजन समाज पार्टी (बसपा) ने 3 वार्डों में प्रत्याशी मैदान में उतारे हैं। नामांकन के अंतिम दिन राजनीतिक दलों के समर्थकों में खासा उत्साह देखने को मिला। प्रत्याशियों ने समर्थकों के साथ पहुंचकर नामांकन दाखिल किए। अब नामांकन पत्रों की जांच और नाम वापसी के बाद चुनावी मुकाबले की तस्वीर साफ होगी। 14 अक्टूबर को नामांकन पत्रों की जांच निर्वाचन कार्यक्रम के अनुसार, 14 अक्टूबर को नामांकन पत्रों की जांच होगी। इसके बाद 15 अक्टूबर को दोपहर 3 बजे तक प्रत्याशी अपने नाम वापस ले सकेंगे। नाम वापसी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद चुनाव मैदान में डटे प्रत्याशियों की अंतिम सूची सामने आएगी। वहीं, दूसरे चरण की पंचायत समितियों के लिए नामांकन प्रक्रिया 16 अक्टूबर तक चलेगी। पहले चरण में 7 पंचायत समितियों के 121 वार्डों में चुनाव पहले चरण में जिले की 7 पंचायत समितियों के 121 वार्डों के लिए चुनाव प्रक्रिया चल रही है। इनमें नागौर, श्रीबालाजी-अलाय, खींवसर, पांचौड़ी, जायल, डेह और मुंडवा पंचायत समितियां शामिल हैं। दूसरे चरण में 5 पंचायत समितियों के 91 वार्डों में चुनाव दूसरे चरण में रियांबड़ी, मेड़ता सिटी, मेड़ता रोड-गोटन, भेरूंदा और डेगाना पंचायत समितियों के 91 वार्डों के लिए नामांकन प्रक्रिया चल रही है। इन पंचायत समितियों के लिए प्रत्याशी 16 अक्टूबर तक नामांकन जमा करा सकेंगे। कलेक्ट्रेट के बाहर दिनभर रही चुनावी गहमागहमी नामांकन के अंतिम दिन जिला कलेक्टर कार्यालय के बाहर प्रत्याशियों और उनके समर्थकों की भीड़ जुटी रही। राजनीतिक दलों के कार्यकर्ताओं में उत्साह दिखाई दिया। निर्दलीय प्रत्याशियों ने भी अपनी दावेदारी पेश की, जिससे चुनावी मुकाबला रोचक होने के संकेत मिल रहे हैं। अब सभी की निगाहें नामांकन पत्रों की जांच, नाम वापसी और प्रत्याशियों की अंतिम सूची पर टिकी हैं। इन प्रक्रियाओं के पूरा होने के बाद जिले में पंचायतीराज चुनाव की तस्वीर और स्पष्ट हो जाएगी।