डीडवाना-कुचामन जिले के नावा शहर में पुलिस थाने से करीब 500 मीटर दूर चोरों ने एक सूने मकान को निशाना बनाकर नकदी और जेवर चोरी कर लिए। बदमाश घर का ताला तोड़कर करीब 50 हजार रुपए नकद, 2 तोला सोना, 1 किलो चांदी और गुल्लक में रखे 20 से 30 हजार रुपए लेकर फरार हो गए। परिजनों का आरोप है कि सूचना देने के बावजूद पुलिस करीब चार घंटे तक मौके पर नहीं पहुंची। परिवार फलौदी गया था, लौटने पर मिली चोरी की जानकारी जानकारी के अनुसार नमक श्रमिक कॉलोनी निवासी ओमपुरी परिवार सहित फलौदी गए हुए थे। शनिवार सुबह घर लौटने पर मुख्य दरवाजे का ताला टूटा मिला। घर के अंदर अलमारी और सामान बिखरा पड़ा था। जांच करने पर नकदी, सोने-चांदी के जेवर और गुल्लक में रखी रकम गायब मिली। मायरे के लिए जोड़े थे जेवर और नकदी पीड़ित ने बताया कि वह नमक में मजदूरी कर परिवार का पालन-पोषण करता है। घर में कुछ दिनों बाद मायरे का कार्यक्रम होना था। इसके लिए मेहनत से नकदी और जेवर इकट्ठे किए थे, जो चोरी हो गए। परिजनों ने पुलिस पर लगाए देरी के आरोप पीड़ित परिवार का आरोप है कि घटना की सूचना देने के बाद पुलिस ने उन्हें यह कहकर घर भेज दिया कि "एक घंटे बाद आते हैं।" परिजनों के अनुसार करीब चार घंटे बाद तक भी पुलिस मौके पर नहीं पहुंची। इसे लेकर स्थानीय लोगों में पुलिस की कार्यशैली को लेकर नाराजगी है। इसी मकान में दूसरी बार हुई चोरी परिजनों के मुताबिक इसी मकान में दूसरी बार चोरी की वारदात हुई है। पिछली चोरी का भी अब तक खुलासा नहीं हो पाया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि बीते एक वर्ष में पुलिस थाने के एक किलोमीटर के दायरे में लाखों रुपए की कई चोरी की घटनाएं हुई हैं, लेकिन अधिकांश मामलों का खुलासा अब तक नहीं हुआ। कच्छा-बनियान गिरोह की चर्चाओं से बढ़ी चिंता क्षेत्र में हाल ही में कथित कच्छा-बनियान गिरोह की सक्रियता की चर्चाओं के बीच इस वारदात ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। स्थानीय लोगों का कहना है कि लगातार हो रही चोरी की घटनाओं से सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं। स्थानीय लोगों ने पुलिस से मामले की जल्द जांच कर आरोपियों को गिरफ्तार करने, चोरी का खुलासा करने और शहर में रात्रि गश्त बढ़ाने की मांग की है। इनपुट सहयोग : कमलेश पारीक।