श्रीगंगानगर में गुरुवार दोपहर को अचानक मौसम बदला। दोपहर करीब दोपहर 3 बजे के बाद बादलों की आवाजाही शुरू हुई और करीब 3:30 बजे तेज हवाओं के साथ जोरदार बारिश शुरू हो गई। बारिश के बाद मौसम काफी ठंडा हो गया। वहीं पदमपुर और जैतसर समेत आस-पास के ग्रामीण इलाकों में भी तेज बारिश हुई। पदमपुर में बारिश के साथ ओले गिरे। यहां धान मंडी में रखी किसानों की फसलें खराब हो गई। इससे आक्रोशित किसानों ने मंडी समिति के ऑफिस में हंगामा किया। इधर, मौसम विभाग की ओर से जिले में 4 ​अप्रैल तक बारिश का अलर्ट जारी किया है। जिले के मुख्यालय श्रीगंगानगर के अलावा जैतसर, पदमपुर, सादुलशहर, लालगढ़ जाटान, चूनावढ़ समेत कई इलाकों में दोपहर 3:30 बजे के आस-पास तेज हवाओं के साथ बारिश हुई, जिससे खेतों में खड़ी फसलों को नुकसान पहुंचा। पदमपुर धानमंडी में किसानों का आक्रोश पदमपुर कृषि उपज मंडी में खुले में पड़ी किसानों की जींस (धान) बारिश में भीगकर खराब हो गई। आक्रोशित किसान मंडी समिति कार्यालय पहुंचे और जोरदार हंगामा किया। किसानों ने आरोप लगाया कि मंडी में जगह की भारी कमी है, जिसके कारण उन्हें फसल खुले आसमान के नीचे रखनी पड़ रही है। बारिश में फसल भीगने से उनका नुकसान हो रहा है। किसानों का कहना है- मंडी प्रशासन जगह नहीं देता, फसल खुले में पड़ी रहती है। एक बार बारिश हुई तो सारी मेहनत बर्बाद। किसानों के पास सिर्फ यही फसल है, जिससे उसका घर चलता है, लेकिन लापरवाह अधिकारी इसकी और कोई ध्यान नहीं देते। बारिश में फसल भीगने के बाद भाव कम लगेंगे और खराब भी हो जाएगी। ऐसे में बारिश ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है।