फलोदी जिले में बिजली चोरी करने वालों के खिलाफ डिस्कॉम ने सख्त कार्रवाई शुरू की है। विभाग ने स्पष्ट संकेत दिए हैं कि बिजली चोरी करने के साथ-साथ जुर्माना राशि जमा नहीं कराने वालों को अब सीधे कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा। इसी कड़ी में सतर्कता जांच के दौरान बिजली चोरी करते पकड़े गए 10 लोगों के खिलाफ जोधपुर ग्रामीण के विद्युत चोरी निरोधक पुलिस थाने में मुकदमा दर्ज करवाया गया है। बिजली चोरी से हो रहा लाखों का नुकसान डिस्कॉम अधिकारियों के अनुसार, लगातार हो रही बिजली चोरी से विभाग को लाखों रुपए का नुकसान उठाना पड़ता है, जिसका असर ईमानदारी से बिल चुकाने वाले उपभोक्ताओं पर भी पड़ता है। इसे रोकने के लिए विभाग ने सख्त नीति अपनाई है। अधिकारियों को उम्मीद है कि इस कार्रवाई से बिजली चोरी की घटनाओं में कमी आएगी और लोग नियमित एवं वैध बिजली कनेक्शन लेने के लिए प्रेरित होंगे। बिजली चोरी पर लगाया जुर्माना यह सतर्कता जांच अभियान उच्चाधिकारियों के निर्देश पर सहायक अभियंता (एईएन) हनुमानराम चौधरी के नेतृत्व में चलाया गया था। जांच के दौरान संबंधित व्यक्तियों को अवैध रूप से बिजली चोरी करते हुए पकड़ा गया और उनके खिलाफ नियमानुसार जुर्माना आरोपित किया गया। विभाग द्वारा निर्धारित समय सीमा में जुर्माना राशि जमा कराने के लिए नोटिस भी दिए गए थे, लेकिन राशि जमा न होने पर अब उनके विरुद्ध पुलिस में मुकदमा दर्ज करवाया गया है। इन लोगों के खिलाफ दर्ज किया मामला विभाग की ओर से सांवरीज निवासी सुखराम (2,01,214 रुपए), रामनगर निवासी भाखरराम (33,434 रुपए), कोलूराठौड़ा निवासी हुकमीचंद (31,557 रुपए), रामनगर निवासी देवकिशन (22,719 रुपए), रामनगर निवासी रेशमाराम (17,993 रुपए), धनेश्वरनगर निवासी गोगी (21,172 रुपए), मंडला कला निवासी सुखदेव (30,950 रुपए), हकी मोहम्मद (20,731 रुपए), लक्ष्मणराम (22,124 रुपए) और सांवरीज निवासी जोराराम (30,742 रुपए) शामिल हैं। इन सभी पर निर्धारित जुर्माने लगाए गए थे। डिस्कॉम अधिकारियों ने आमजन से अपील की है कि वे अवैध रूप से बिजली का उपयोग नहीं करें और नियमित विद्युत कनेक्शन लेकर ही बिजली का उपभोग करें। विभाग ने चेतावनी दी है कि भविष्य में भी बिजली चोरी करने वालों के खिलाफ सतर्कता अभियान लगातार जारी रहेगा तथा दोषियों के विरुद्ध जुर्माने के साथ-साथ कानूनी कार्रवाई भी की जाएगी।