फलोदी में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव एडीजे डॉ. अजय कुमार बिश्नोई ने बुधवार को लगातार चौथे दिन स्कूलों की बाल वाहिनियों का निरीक्षण किया। यातायात पुलिस और जिला परिवहन अधिकारी के साथ उन्होंने बाप स्थित ज्ञान ज्योति उच्च माध्यमिक विद्यालय और के.वी. ऐन्जल स्कूल की बाल वाहिनियों की जांच की। इस दौरान नियमों का उल्लंघन मिलने पर एक बाल वाहिनी को सीज किया गया, जबकि दो के चालान काटे गए। रास्ते में मिले चार ओवरलोड डम्परों को भी सीज किया गया। आरसी की वैधता खत्म होने के बाद भी चल रही थी बाल वाहिनी निरीक्षण के दौरान ज्ञान ज्योति स्कूल की एक बाल वाहिनी की आरसी की वैधता वर्ष 2025 में समाप्त हो चुकी थी, इसके बावजूद उसका संचालन किया जा रहा था। इस पर कार्रवाई करते हुए बाल वाहिनी को सीज कर दिया गया। इसी स्कूल की एक अन्य बाल वाहिनी के निर्धारित मापदंडों के अनुरूप नहीं पाए जाने पर चालान काटा गया। वहीं, के.वी. ऐन्जल स्कूल की एक बाल वाहिनी का भी नियमों के उल्लंघन पर चालान किया गया। क्षमता से 30-35 टन ज्यादा सामान भरा था स्कूलों की बाल वाहिनियों का निरीक्षण करने जाते समय डॉ. बिश्नोई को रास्ते में चार ओवरलोड डम्पर मिले। इनमें निर्धारित क्षमता से 30 से 35 टन अधिक सामान भरा हुआ था। चारों डम्परों को सीज कर दिया गया। डॉ. बिश्नोई ने बाप टोल प्लाजा के संचालक को निर्देश दिए कि वजन जांच के दौरान ओवरलोड वाहन मिलने पर जिला परिवहन अधिकारी, फलोदी को तुरंत सूचना दी जाए, ताकि संबंधित वाहनों के ऑनलाइन चालान किए जा सकें। चारा ले जा रहे वाहनों पर कार्रवाई नहीं, रिफ्लेक्टर लगाने के निर्देश मारवाड़ क्षेत्र में अकाल और चारे की कमी को देखते हुए चारा ले जा रही पिकअप और ट्रैक्टरों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई। हालांकि, डॉ. बिश्नोई ने इन वाहनों में कम मात्रा में चारा भरने और दाएं-बाएं व पीछे रिफ्लेक्टर लगाने के निर्देश दिए। उन्होंने यातायात पुलिस के साथ मिलकर चारा ले जा रहे वाहनों पर रिफ्लेक्टर भी लगाए। बच्चों की सुरक्षा से समझौता नहीं होगा डॉ. बिश्नोई ने कहा कि स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों की सुरक्षा से किसी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा। बाल वाहिनियों की जांच आगे भी जारी रहेगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि फलोदी की सड़कों पर चल रहे ओवरलोड वाहनों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।